पुणे पोर्शे हादसा: नाबालिग आरोपी के परिवार ने जमानत का जश्न मनाया, लोगों में दिखा गुस्सा
क्या है खबर?
महाराष्ट्र के पुणे में चर्चित पोर्शे कार हादसा मामला बुधवार को एक बार फिर सोशल मीडिया पर छा गया, जब नाबालिग आरोपी का अग्रवाल परिवार जमानत का जश्न मनाता दिखा। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में आरोपी के पिता व्यवसायी विशाल अग्रवाल अपनी पत्नी और परिवार के साथ नोटों की माला पहने हुए बॉलीवुड गाने पर नाच रहे हैं। वीडियो की सत्यतता की पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि, इसने सोशल मीडिया पर संवेदनशीलता को लेकर बहस छेड़ दी है।
जमानत
विशाल अग्रवाल को 10 मार्च को मिली थी जमानत
पोर्श हादसे मामले में लगभग सभी लोगों को जमानत मिल चुकी है। आरोपी के पिता विशाल को 10 मार्च को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली थी। बताया जा रहा है कि इसी की खुशी में परिवार ने जश्न मनाया, जिसमें रिश्तेदार और दोस्त शामिल हुए। वीडियो में "बॉम्बे से आया मेरा दोस्त..." गाने पर विशाल अपनी पत्नी और बेटे के साथ नाचते नजर आ रहे हैं। उनके गले में एक गुलाबी फूलों की और दूसरी नोटों से बनी माला है।
शिकायत
मृतक के पिता ने कार्रवाई की मांग की
हादसे में जान गंवाने वाली सॉफ्टवेयर इंजीनियर अश्विनी के पिता सुरेश कोष्टा ने कानून और जवाबदेही के प्रति भय की कमी पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने मीडिया से कहा, "ऐसा लगता है कि उनके समाज में 2 लोगों को मारकर जश्न मनाना एक आम बात है...वे आम नागरिकों का मजाक उड़ा रहे हैं।" उन्होंने किशोरों से संबंधित कानूनी प्रावधानों की आलोचना की और कहा, "अगर कोई किशोर है, तो वह कुछ भी कर सकता है।"
ट्विटर पोस्ट
जश्न का वीडियो
2 years after the Pune Porsche incident that killed techies Aneesh & Ashwini, here’s how the family responsible for the deaths is celebrating.
— Shiv Aroor (@ShivAroor) May 27, 2026
ALL accused, including the shameless Agarwal family, out on bail.
Zero remorse. Zero guilt.
Via @ndtvindia pic.twitter.com/Qv2pndDukw
घटना
क्या है पुणे पोर्शे हादसा मामला?
19 मई, 2024 को पुणे के कल्याणी नगर में रात ढाई बजे पोर्शे कार से नाबालिग ने बाइक सवार इंजीनियर महिला-पुरुष को टक्कर मार दी, जिससे उनकी मौत हो गई। मामले में नाबालिग आरोपी को कोर्ट ने सिर्फ निबंध लिखने की सजा दी, जिसका विरोध हुआ। इसके बाद आरोपी की जमानत रद्द हुई। हालांकि, बॉम्बे हाई कोर्ट ने राहत दी। मामले में किशोर के पिता, डॉक्टर अजय टावरे, श्रीहरि हलनोर, अस्पताल कर्मचारी अतुल घाटकांबले और दो बिचौलिए जेल में थे।