चंडीगढ़ में ऊबर-रैपिडो पर गिरी गाज, बाइक टैक्सी चालकों का फूटा गुस्सा
चंडीगढ़ में बाइक टैक्सी चलाने वाले बुधवार को सड़कों पर उतर आए। ये लोग स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी (STA) के दफ्तर के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे। उन्होंने ऊबर और रैपिडो जैसे मशहूर ऐप पर लगे प्रतिबंध का विरोध किया।
प्रशासन ने इन कंपनियों पर नए नियमों का पालन न करने के कारण रोक लगाई है। 8 सितंबर से प्रशासन ने इन पर सख्ती शुरू की थी। तब से अब तक STA ने करीब 390 चालान काटे हैं, 25 गाड़ियों को जब्त किया है और लगभग 39 लाख रुपये का जुर्माना भी वसूला है।
क्या है ड्राइवरों के संघ की मांग?
ड्राइवरों के संघ का कहना है कि कंपनियों पर लगा प्रतिबंध तब तक नहीं हटना चाहिए, जब तक वे सभी नियमों का ठीक से पालन करना शुरू न कर दें। उनका यह भी कहना है कि कंपनियों को अपने ड्राइवरों की रोजी-रोटी और उनके अधिकारों की सुरक्षा करनी चाहिए।
STA ने प्रभावित कंपनियों के साथ बैठक की है। प्रशासन ने उनसे कहा है कि अगर वे नियमों से जुड़े जरूरी दस्तावेज जमा करते हैं, तो उन्हें फिर से काम करने की इजाजत मिल सकती है। फिलहाल, चंडीगढ़ में सिर्फ भारत टैक्सी ही एकमात्र ऐप है जो अपनी सेवाएं दे रहा है।