
लद्दाख के पास लड़ाकू विमान तैनात कर रहा है पाकिस्तान, भारत की कड़ी नजर
क्या है खबर?
जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म किए जाने के लेकर भारत-पाकिस्तान में बने तनाव के बीच पाकिस्तान लद्दाख के पास अपने हवाई अड्डों पर लड़ाकू विमान तैनात कर रहा है।
भारतीय सेना, वायुसेना और खुफिया एजेंसियां पाकिस्तान की इस हरकत पर करीबी नजर रखे हुए हैं।
खबरों के अनुसार, पाकिस्तानी वायुसेना एक अभ्यास करने जा रही है और अग्रिम मोर्चों पर लड़ाकू विमानों को तैनात करने का फैसला इससे संबंधित भी हो सकता है।
खबर
लद्दाख के विपरीत स्कार्दू हवाई अड्डे पर पहुंचाए गए विमानों के उपकरण
सरकारी सूत्रों ने समाचार एजेंसी ANI को इस संबंध में जानकारी देते हुए कहा, "शनिवार को पाकिस्तानी वायुसेना के तीन C-130 परिवहन विमानों का प्रयोग केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख के विपरीत स्कार्दू हवाई अड्डे पर उपकरण पहुंचाने के लिए किया गया।"
सूत्रों ने बताया कि पाकिस्तान स्कार्दू बेस पर JF-17 लड़ाकू विमान तैनात कर सकता है और जो उपकरण यहां पहुंचाए गए, वो इन लड़ाकू विमानों से संबंधित हो सकते हैं।
कड़ी नजर
भारतीय एजेंसियों की हर गतिविधि पर कड़ी नजर
स्कार्दू पाकिस्तानी वायुसेना का एक अग्रिम पंक्ति का हवाई अड्डा है, जिसका इस्तेमाल भारत के साथ सीमा पर सैन्य ऑपरेशन में मदद के लिए किया जाता है।
सूत्रों ने बताया कि संबंधित भारतीय एजेंसियां सीमावर्ती इलाकों में पाकिस्तान की हरकतों पर कड़ी नजर से देख रही हैं।
भारतीय सेना, वायुसेना और खुफिया एजेंसियां पाकिस्तानी वायुसेना की हर गतिविधि पर करीबी नजर बनाए हुए हैं और वो पूरे पाकिस्तान को देख सकती हैं।
बयान
ये भी हो सकता है गतिविधि का कारण
सूत्रों ने इस बीच ये भी बताया कि पाकिस्तानी वायुसेना एक अभ्यास करने की योजना बना रही है और लड़ाकू विमानों और इससे जुड़े उपकरणों को अग्रिम पंक्ति के हवाई अड्डों पर भेजा जाना इसका भी हिस्सा हो सकता है।
पृष्ठभूमि
भारत ने खत्म किया था जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा
बता दें कि 5 अगस्त को राष्ट्रपति के एक आदेश के जरिए भारत सरकार ने संविधान के अनुच्छेद 370 में बदलाव करते हुए जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म कर दिया था।
इसके अलावा गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन बिल भी पेश किया, जिसमें जम्मू-कश्मीर राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख, में बांटा गया।
संसद और राष्ट्रपति की मंजूरी मिलने के बाद अब ये बिल कानून बन चुका है।
बौखलाहट
असफल रही पाकिस्तान की अंतरराष्ट्रीय मुद्दा बनाने की कोशिश
भारत के इस कदम के बाद पाकिस्तान बौखला गया और इसे एक अंतरराष्ट्रीय मुद्दा बनाने की कोशिश की।
लेकिन उसे कहीं से भाव नहीं मिला और संयुक्त राष्ट्र (UN) ने भी मामले में दखल देने से इनकार कर दिया।
इस बीच पाकिस्तान ने भारत के साथ व्यापार निलंबित करने, राजनयिक संबंधों का स्तर घटाने और समझौता एक्सप्रेस बंद करने संबंधी फैसले भी लिए, लेकिन इनका भारत पर कोई खास प्रभाव नहीं पड़ा।