फ्लाईदुबई विमान हमला: NIA ने भारतीय कप्तान स्मित मच्छार पर हमले को लेकर UAPA में दर्ज किया केस
फ्लाईदुबई के विमान में भारतीय पायलट कप्तान स्मित मच्छार पर हुए जानलेवा हमले और विमान को दुर्घटनाग्रस्त करने की साजिश के मामले में भारत सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। केंद्र सरकार के निर्देश पर राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने इस अंतरराष्ट्रीय आतंकी साजिश के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सरकार का मानना है कि इस अंतरराष्ट्रीय घटना में किसी बड़ी बाहरी साजिश को बेनकाब करने के लिए NIA जांच आवश्यक है।
NIA ने क्या की कार्रवाई?
भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि एक भारतीय नागरिक (पायलट) के खिलाफ विदेशी धरती/विमान पर किया गया यह कृत्य भारतीय कानूनों के तहत एक गंभीर अनुसूचित अपराध है। NIA ने गृह मंत्रालय के आदेश पर विमान अपहरण-रोधी अधिनियम, 2016 की धारा 3 और गैर-कानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम, 1967 (UAPA) की धारा 16 और 15(1)के तहत मामला दर्ज किया है। UAPA की ये धाराएं आतंकी कृत्यों और देश की सुरक्षा को चुनौती देने से जुड़ी हैं।
कैप्टन मच्छार ने कॉकपिट का दरवाजा खोला
यह हमला बुधवार को उस समय हुआ, जब विमान दुबई से तेल अवीव के लिए उड़ान भर रहा था। चोट लगने के बावजूद कैप्टन मच्छार ने किसी तरह कॉकपिट का दरवाजा खोल लिया, ताकि दूसरे लोग अंदर आकर सह पायलट हमाम अल-हम्मामी को रोक सकें। अल-हम्मामी को सीरिया से जुड़े कुछ विचारों के कारण पहले ही उड़ान भरने पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। भारत इन सख्त आतंक विरोधी कानूनों का इस्तेमाल करके यह संदेश दे रहा है कि वह अपने नागरिकों के खिलाफ किसी भी खतरे को, भले ही वह अंतरराष्ट्रीय हवाई क्षेत्र में हो, बहुत गंभीरता से लेता है।