असम से केरल तक NIA की बड़ी छापेमारी, आतंकी साजिश और कट्टरपंथ फैलाने के आरोप
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने एक संदिग्ध आतंकी साजिश का पर्दाफाश करने के लिए असम, पश्चिम बंगाल और केरल में 16 जगहों पर छापेमारी की है।
यह कार्रवाई 'इमाम महमूद काफिला' (IMK) नाम के एक गुट पर केंद्रित है। माना जाता है कि इस गुट के तार प्रतिबंधित संगठन जमात-उल-मुजाहिदीन बांग्लादेश (JMB) से जुड़े हैं।
यह कदम ऐसे समय उठाया गया है, जब 11 लोगों पर युवाओं को कट्टरपंथी बनाने और भारत में IMK की मौजूदगी बढ़ाने की कोशिश करने के आरोप लगे हैं।
IMK का संस्थापक है इमाम महमूद हबीबुल्लाह
NIA ने बताया कि इन छापों के दौरान (असम में 10, पश्चिम बंगाल में 5 और केरल में 1 जगह पर), उसकी जांच में ऐसे दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और डिजिटल रिकॉर्ड मिले हैं, जो कथित तौर पर इस साजिश का सबूत देते हैं।
एजेंसी के मुताबिक, IMK की शुरुआत JMB के वरिष्ठ सदस्य इमाम महमूद हबीबुल्लाह ने की थी। नसीमुद्दीन कथित तौर पर असम में IMK की गतिविधियों को संभाल रहा था, जबकि जागीर मियां त्रिपुरा में इसकी गतिविधियों का नेतृत्व कर रहा था।
जांच में कथित तौर पर गुप्त बैठकें, धार्मिक विचारधारा से प्रभावित करने वाले कार्यक्रम, चरमपंथी साहित्य का प्रसार और डिजिटल प्लेटफॉर्म के इस्तेमाल जैसे पहलू सामने आए हैं। NIA का कहना है कि इन माध्यमों के जरिए संगठन के नेतृत्व के प्रति समर्थन बढ़ाने और कथित भारत विरोधी प्रचार को फैलाने की कोशिश की गई।
जांच अभी भी जारी है और अधिकारी इस मामले में और कड़ियों की तलाश कर रहे हैं।