LOADING...
NIA ने UAPA के तहत एक अमेरिकी नागरिक समेत 7 को दबोचा, जानिए पूरा मामला
NIA ने UAPA के तहत एक अमेरिकी नागरिक समेत 7 को गिरफ्तार किया है

NIA ने UAPA के तहत एक अमेरिकी नागरिक समेत 7 को दबोचा, जानिए पूरा मामला

Mar 17, 2026
09:53 pm

क्या है खबर?

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने म्यांमार में जातीय सशस्त्र समूहों और भारत में कुछ प्रतिबंधित समूहों को प्रशिक्षण देने के लिए भारत के रास्ते अवैध रूप से म्यांमार में प्रवेश करने के आरोप में एक अमेरिकी नागरिक सहित 7 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें 6 यूक्रेनी नागरिक हैं। NIA के कार्रवाई का खुलासा करने के बाद भारत में स्थित अमेरिकी और यूक्रेनी दूतावास ने प्रतिक्रिया जारी कर मामले पर नजर रखने की बात कही है।

गिरफ्तारी

NIA ने इन्हें किया है गिरफ्तार

NDTV की रिपोर्ट के अनुसार, NIA अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार अमेरिकी नागरिक मैथ्यू वैनडाइक है। इसी तरह यूक्रेनी नागरिकों में हुरबा पेट्रो, स्लिवियाक तारास, इवान सुकमानोव्स्की, स्टेफनकीव मारियन, होनचारुक मैक्सिम और कामिंस्की विक्टर शामिल हैं। उन्हें मंगलवार को दिल्ली की विशेष NIA कोर्ट से 11 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। उनके खिलाफ गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत आरोप लगाए गए हैं। अब इन सभी से गहन पूछताछ की जाएगी।

प्रकरण

क्या है पूरा मामला?

NIA की ओर से दर्ज की गई FIR के अनुसार, सभी 7 आरोपी पूर्वोत्तर में मिजोरम के प्रतिबंधित क्षेत्रों में गए, अवैध रूप से म्यांमार में प्रवेश किया और जातीय सशस्त्र संगठनों (EAO) के अलावा भारत में प्रतिबंधित कुछ समूहों के संपर्क में आए। FIR में कहा गया है कि आरोपियों ने कथित तौर पर सशस्त्र समूहों को प्रशिक्षण दिया, हथियार मुहैया कराए और ड्रोन अभियानों में मदद की। आरोप किराए के सैनिकों के काम से मेल खाते हैं।

Advertisement

प्रतिक्रिया

अमेरिकी और यूक्रेनी दूतावास ने क्या दी प्रतिक्रिया?

दिल्ली स्थित अमेरिकी दूतावास ने कहा, "हम स्थिति से अवगत हैं, लेकिन गोपनीयता कारणों से हम अमेरिकी नागरिकों से जुड़े मामलों पर टिप्पणी नहीं कर सकते हैं।" यूक्रेन के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि गिरफ्तार आरोपियों में 6 यूक्रेनी नागरिक हैं। यूक्रेन का राजनयिक मिशन हिरासत में लिए गए यूक्रेनी नागरिकों के परिजनों के साथ लगातार संपर्क में है और स्थिति पर विशेष नजर बनाए हुए है। फिलहाल भारत के सक्षम अधिकारी जांच में जुटे हुए हैं।

Advertisement

साजिश

क्या यह कोई बड़ी साजिश है?

मामले के जानकार सूत्रों के अनुसार, 14 यूक्रेनी नागरिक अलग-अलग तारीखों पर पर्यटक वीजा पर भारत में दाखिल हुए। उन्होंने उचित दस्तावेजों के बिना असम के गुवाहाटी और फिर म्यांमार की सीमा से लगे राज्य मिजोरम के लिए उड़ान भरी और अंततः म्यांमार में प्रवेश कर गए। उनका उद्देश्य म्यांमार में उन ड्रोनों को प्रशिक्षित करना था जिनके भारत में प्रतिबंधित विद्रोही समूहों से संबंध हैं। बड़ी संख्या में ड्रोन यूरोप से भारत होते हुए म्यांमार भेजे गए थे।

Advertisement