NCERT का बड़ा फैसला: छात्र 9वीं कक्षा से ही सीखेंगे EMI, म्यूचुअल फंड
NCERT ने हाल ही में 9वीं कक्षा की सामाजिक विज्ञान की पाठ्यपुस्तक में बदलाव किए हैं। इसमें अब पर्सनल फाइनेंस और एंटरप्रेन्योरशिप से जुड़े अध्याय शामिल किए गए हैं।
इन बदलावों के बाद, छात्र अब फिक्स्ड डिपॉजिट, म्यूचुअल फंड्स, EMI, टैक्स और फाइनेंशियल रिस्क को मैनेज करने जैसी बातों को जानेंगे। ये सभी पैसों से जुड़े वो जरूरी हुनर हैं, जो रोजमर्रा की जिंदगी में काम आते हैं।
पाठ्यक्रम में व्यावहारिक वित्तीय गतिविधियां शामिल की गईं
यह नया पाठ्यक्रम वित्तीय साक्षरता को व्यावहारिक बनाने पर केंद्रित है। इसके तहत, छात्रों को अपनी पैसों से जुड़ी आदतों पर सोचने और बिजनेस स्ट्रैटेजी बनाने या बाजार के कामकाज को समझने जैसी गतिविधियों में शामिल होने का मौका मिलेगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इकोनॉमिक एडवाइजरी काउंसिल के सदस्य संजीव सान्याल के मुताबिक, इस नए अपडेट का मकसद छात्रों को व्यावहारिक वित्तीय ज्ञान और जीवन के लिए जरूरी स्किल्स से लैस करना है।