मुंबई का पानी खत्म होने की कगार पर? 10 प्रतिशत कटौती न होने पर जून तक सूख जाएगा एक जलाशय
मुंबई शहर को 5 सितंबर, 2027 तक पानी मिल पाएगा, लेकिन इसके लिए एक शर्त है। शहर को पानी का इस्तेमाल 10 प्रतिशत कम करना होगा और अपने मुख्य बांधों, अपर वैतरणा और भातसा को सुरक्षित रखना होगा। फिलहाल मुंबई के लोग रोजाना करीब 4.1 अरब लीटर पानी का इस्तेमाल करते हैं। अगर इन शर्तों का पालन नहीं किया गया, तो शहर के मुख्य जलाशयों में से एक में अगले साल जून तक पानी खत्म हो सकता है।
कल्याण-डोंबिवली और वसई-विरार के जलाशय करीब 75.25 प्रतिशत भरे
पानी की कमी का सामना सिर्फ मुंबई ही नहीं कर रहा है। कल्याण-डोंबिवली और वसई-विरार जैसे इलाकों में भी पानी की दिक्कत है। इसकी वजह यह है कि 30 सितंबर को मानसून का मौसम आधिकारिक तौर पर खत्म होने के बाद उनके जलाशय केवल करीब 75.25 प्रतिशत ही भर पाए हैं। कल्याण-डोंबिवली तो राज्य सरकार से और पानी की मांग कर रहा है। दरअसल, बढ़ती आबादी के हिसाब से उसे पानी का जितना कोटा मिलता है, वह पूरा नहीं पड़ रहा है। ये सारी बातें बताती हैं कि इस पूरे इलाके में सभी लोगों के लिए अभी से पानी का समझदारी से इस्तेमाल करना कितना जरूरी है।