मुंबई हवाई अड्डे का चौंकाने वाला फैसला: 50 लाख यात्रियों की उड़ानें होंगी कम
मुंबई हवाई अड्डे (जिसे अडानी समूह चलाता है) गर्मी 2027 से हर साल करीब 50 लाख यात्रियों की उड़ानों में कटौती करना चाहता है।हवाई अड्डा प्रबंधन ने इसकी वजह टर्मिनल 1 के बड़े जीर्णेद्वार को बताया है, जो 2030 में पूरा होगा, लेकिन एयरलाइंस इस बात से सहमत नहीं हैं। वे इसका विरोध कर रही हैं और उनका कहना है कि जब तक कोई ठोस वजह नहीं बताई जाती, वे अपनी उड़ानों को नवी मुंबई हवाई अड्डे पर शिफ्ट नहीं करेंगी।
एयरलाइन ऑपरेटर्स कमेटी ने स्लॉट नियमों के पालन की अपील की
47 एयरलाइंस का प्रतिनिधित्व करने वाली एयरलाइन ऑपरेटर्स कमेटी का कहना है कि उड़ानों में इन कटौतियों की कोई साफ जरूरत नहीं है। कमेटी ने बताया कि टर्मिनल 1 और टर्मिनल 2 में सालाना 50 लाख यात्रियों की क्षमता बढ़ने के बाद हवाई यातायात की मांग को आसानी से पूरा किया जा सकता है। यह समूह हवाई अड्डा अधिकारियों से अपील कर रहा है कि वे मई 2013 में नागरिक उड्डयन मंत्रालय द्वारा जारी स्लॉट-आवंटन दिशानिर्देशों और इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन (IATA) के वर्ल्डवाइड एयरपोर्ट स्लॉट दिशानिर्देशों का पालन करें।