मनोज जरांगे पाटिल की भूख हड़ताल खत्म, पर मराठा आरक्षण पर आर-पार की जंग जारी
मराठा कार्यकर्ता मनोज जरांगे-पाटिल ने अपनी 20 दिन की भूख हड़ताल खत्म कर दी है। धार्मिक नेताओं ने उनसे दवा लेने का आग्रह किया था, जिसके बाद उन्होंने यह कदम उठाया।
डॉक्टरों ने भी उन्हें गंभीर डिहाइड्रेशन और अन्य स्वास्थ्य जटिलताओं के लिए तुरंत इलाज की सलाह दी थी। वे OBC कोटे में आने वाले मराठों के लिए कुणबी जाति प्रमाण पत्र की मांग कर रहे थे। अब उन्होंने महाराष्ट्र सरकार को अपनी इन मांगों पर सोचने के लिए 3 महीने का वक्त दिया है।
मनोज जरांगे-पाटिल मुंबई आंदोलन जारी रखेंगे
जरांगे-पाटिल पीछे हटने वाले नहीं हैं। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि वे मुंबई में अपना आंदोलन जारी रखेंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि अगर उन्हें मुंबई में दाखिल नहीं होने दिया गया, तो वे मराठा समुदाय के लोगों को बुला लेंगे।
फिलहाल, वे सरकार की प्रतिक्रिया पर नजर रख रहे हैं। उन्होंने कहा कि वे सरकार की ओर से आने वाले किसी भी नए प्रस्ताव पर बात करने को तैयार हैं।