
मणिपुर: जिरीबाम में मुठभेड़ में 10 कुकी उग्रवादी मारे गए, 1 CRPF जवान भी घायल
क्या है खबर?
मणिपुर के जिरीबाम जिले में सोमवार को कुकी उग्रवादियों ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की चौकी पर हमला बोल दिया। हमला दोपहर बाद 3:30 बजे जकुराडोर गांव में हुआ।
इस दौरान असम राइफल्स और CRPF के जवानों उग्रवादियों से मोर्चा लिया और गोलीबारी का जवाब दिया। घटना में 10 कुकी उग्रवादी मारे गए। इनके पास से हथियार बरामद हुए हैं।
मुठभेड़ में 1 CRPF जवान भी गोली लगने से घायल हुआ है, उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
ट्विटर पोस्ट
मारे गए उग्रवादियों का शव
11 #KukiTerrorists Gunned Down
— Kangleipak Information Bureau (@yaiphaba07) November 11, 2024
In a significant achievement, 11 #KukiHmar who attacked #Jakurador Village at #Jiribam #Manipur has been neutralised by security forces
Pray for #Meetei villagers trapped in the incident & also pray for our brave @crpfindia jawans who fought well https://t.co/i7rPPcnRTP pic.twitter.com/ukZzKWIUzA
हमला
शुक्रवार को कुकी क्षेत्र के 10 घरों को आग लगाई थी
जिरीबाम के जकुराडोर में हुई घटना के पीछे गुरुवार रात की घटना को कारण बताया जा रहा है, जिसमें हथियारबंद उग्रवादियों ने आदिवासी बस्ती जैरोन हमार गांव में कम से कम 10 घरों में आग लगाई गई थी।
इस घटना में एक महिला की जलकर मौत हो गई थी। वह 3 बच्चों की मां थी। वारदात का आरोप मैतेई उग्रवादियों पर था।
क्षेत्र के लोगों का कहना था कि मैतेई हथियारबंद उग्रवादी कुकी इलाके में घूम रहे हैं।
हिंसा
मई 2023 से जारी है हिंसा
मणिपुर में 3 मई, 2023 से हिंसा जारी है। आदिवासी समुदाय कुकी ने मैतेई समुदाय को अनुसूचित जनजाति (ST) का दर्जा देने के खिलाफ मार्च निकाला था, जिसके बाद हिंसा भड़क गई थी।
मणिपुर हिंसा में अब तक 200 से अधिक लोगों की मौत हुई है, वहीं 1,100 से अधिक लोग घायल हुए हैं। 65,000 से अधिक विस्थापित हैं।
मणिपुर में 53 प्रतिशत मैतेई है, जो घाटी में रहते हैं, वहीं कुकी समेत 40 प्रतिशत आदिवासी पहाड़ों पर रहते हैं।