मैनचेस्टर यूनिवर्सिटी बेंगलुरु में खोलेगी अपना पहला भारतीय केंद्र
मैनचेस्टर यूनिवर्सिटी बेंगलुरु के बिलकुल बीच में अपना पहला इंडिया सेंटर बना रही है।
इस सेंटर का मकसद है भारत के तेजी से बढ़ते टेक सेक्टर से गहराई से जुड़ना और यहां की यूनिवर्सिटी और कंपनियों के साथ मजबूत साझेदारी करना।
बेंगलुरु को उच्च शिक्षा, अनुसंधान, तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में मजबूत उपस्थिति के साथ-साथ वैश्विक कारोबार और टेक्नोलॉजी कंपनियों के व्यापक नेटवर्क के कारण इस केंद्र के लिए पसंदीदा स्थान के रूप में चुना गया।
इसकी घोषणा साइंस गैलरी बेंगलुरु में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान की गई। इसमें ग्रेटर मैनचेस्टर की मेयर बेव क्रेग और विश्वविद्यालय के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में मैनचेस्टर विश्वविद्यालय के अध्यक्ष और कुलपति प्रोफेसर डंकन इविसन के नेतृत्व में नवाचार और संस्कृति पर चर्चा हुई।
इविसन ने कहा, "शिक्षा, कारोबार और संस्कृति के क्षेत्र में मैनचेस्टर के भारत के साथ बेहद गहरे संबंध हैं।"
उन्होंने कहा कि यह केंद्र इन साझेदारियों को और मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगा।
PEL इंटर्नशिप और लाइव प्रोजेक्ट का मौका देगा
यह सेंटर छात्रों, प्रोफेसरों और इंडस्ट्री के बड़े लोगों को एक साथ लाएगा ताकि वे दुनिया की असली मुश्किलों को सुलझा सकें।
इसकी एक खास बात है पार्टनर-इनेबल्ड लर्निंग (PEL) मॉडल, जिसके जरिए छात्र सीधे प्रोजेक्ट पर काम कर पाएंगे और इंटर्नशिप भी कर सकेंगे।
यूनिवर्सिटी के अधिकारियों का कहना है कि इस पहल से सीखने और रिसर्च के नए अवसर मिलेंगे।