राम मंदिर ट्रस्ट में फेरबदल: चंदा चोरी के बाद पहला CEO, महिला ट्रस्टी भी शामिल
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में एक बड़ा फेरबदल हुआ है। रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को इसका पहला पूर्णकालिक मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया गया है। चंदा चोरी के एक घोटाले के बाद चंपत राय ने जून में इस्तीफा दे दिया था, जिसके बाद मिश्रा की नियुक्ति हुई है।
5,585 उम्मीदवारों की AI-सक्षम जांच के बाद मिश्रा को चुना गया है। उनके पास वायुसेना में कई दशकों का अनुभव है और उनसे ट्रस्ट के कामकाज को और चुस्त-दुरुस्त बनाने की उम्मीद है।
चंदा चोरी के बाद राम मंदिर ट्रस्ट में फेरबदल
ट्रस्ट ने केवल एक ही नए प्रमुख की नियुक्ति नहीं की है, बल्कि कई और अहम बदलाव भी किए हैं। गोविंद देव गिरि को पूर्णकालिक महासचिव की जिम्मेदारी दी गई है, महेश भगचंदका ने कोषाध्यक्ष का पद संभाला है।
खास बात यह है कि पहली बार 3 महिलाएं - महेश भगचंदका, पूर्व अतिरिक्त महाधिवक्ता मदन मोहन पांडे और निर्मला यादव - ट्रस्टी के तौर पर शामिल हुई हैं। ये सभी बदलाव करीब 3 महीने बाद हुए हैं। इससे पहले एक बड़े चंदा चोरी विवाद ने ट्रस्ट को घेर लिया था, जिसमें 8 लोग गिरफ्तार हुए थे और फंड के लेनदेन की जांच के लिए 2 SIT भी बनी थीं।