जम्मू-कश्मीर: राजौरी क्षेत्र में LoC के पास फिर देख संदिग्ध ड्रोन, तलाशी अभियान शुरू
क्या है खबर?
जम्मू-कश्मीर के राजौरी क्षेत्र में मंगलवार शाम को नियंत्रण रेखा (LoC) के पास फिर से संदिग्ध ड्रोन नजर आए। इसके बाद सेना ने जवाबी कार्रवाई करते हुए ड्रोन पर गोलीबारी की और किसी भी संभावित खेप की जांच के लिए एक व्यापक तलाशी अभियान शुरू किया। राजौरी सेक्टर में 48 घंटों के भीतर यह दूसरी ऐसी घटना है, जिसके चलते LoC और अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) पर सतर्कता बढ़ा दी गई है। जवान लगातार गश्त कर रहे हैं।
ड्रोन
कहां नजर आए ड्रोन?
इंडिया टुडे के अनुसार, केरी सेक्टर के डुंगला-नाबला क्षेत्र के पास कई पाकिस्तानी ड्रोन देखे गए, जिन पर भारतीय सेना के जवानों ने मानक परिचालन प्रक्रियाओं के तहत गोलीबारी की। सुरक्षा बल इलाके में कड़ी निगरानी बनाए हुए हैं और उच्च स्तर की सतर्कता बरत रहे हैं। इसी तरह ठंडी कस्सी इलाके में भी एक ड्रोन देखा गया है। अधिकारियों ने हाई अलर्ट जारी करने पर राजौरी के साथ पुंछ में भी LoC पर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।
पुनरावृत्ति
11 जनवरी को भी देखे गए थे संदिग्ध ड्रोन
यह घटना गत रविवार (11 जनवरी) को सांबा, राजौरी और पुंछ जिलों में IB और LoC के पास कई संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन देखे जाने के बाद सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखे जाने के ठीक 2 दिन बाद हुई है। अधिकारियों ने बताया कि अग्रिम क्षेत्रों में 5 ड्रोन देखे गए थे, जिसके बाद भारतीय सीमा में हथियार या प्रतिबंधित सामान गिराए जाने की संभावना के लिए तलाशी अभियान चलाया गया। हालांकि, बाद में ड्रोन वापस लौट गए थे।
चेतावनी
सेना प्रमुख ने पाकिस्तान को दी चेतावनी
इससे पहले मंगलवार को सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने LoC के पास हाल ही में देखे गए ड्रोन को लेकर पाकिस्तान को स्पष्ट चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि इस तरह की गतिविधियां स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा, "पाकिस्तान के साथ सैन्य अभियान महानिदेशक स्तर की वार्ता हुई, जिसमें भारत ने ड्रोन की हालिया गतिविधियों पर चिंता व्यक्त की। हमने पाकिस्तान को ड्रोन पर लगाम लगाने के लिए कहा है। हमारी सेना पूरी तरह चौकस है।"
तनाव
पश्चिमी मोर्चे पर बना हुआ है तनाव का माहौल- द्विवेदी
जनरल द्विवेदी ने कहा, "पहलगाम आतंकी हमले के बाद पश्चिमी मोर्चे पर कड़ी निगरानी की आवश्यकता है, जिसके बाद भारतीय सेनाओं ने त्वरित पुनर्गठन रणनीति के माध्यम से अपनी स्थिति में बदलाव किया। 'ऑपरेशन सिंदूर' अभी भी जारी है।" उन्होंने कहा, "आतंकवादी गतिविधियों में कमी आई है, लेकिन पाकिस्तान आतंकवाद को प्रायोजित करना जारी रखे हुए है। ऐसे में भविष्य में किसी भी प्रकार के दुस्साहस से प्रभावी ढंग से निपटा जाएगा।"