जम्मू-कश्मीर के इस मदरसे पर कसा UAPA का शिकंजा, JeI से संबंध बना वजह
जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने दक्षिण कश्मीर के एक बड़े मदरसे, सिराज-उल-उलूम को गैरकानूनी संस्था घोषित कर दिया है। यह फैसला गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत लिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि इस मदरसे का संबंध प्रतिबंधित जमात-ए-इस्लामी (JeI) से है और इसके कानूनी व वित्तीय मामलों में भी कई गड़बड़ियां पाई गई हैं। यह पहली बार है जब इलाके में किसी मदरसे को इस तरह गैरकानूनी घोषित किया गया है, खासकर ऐसे समय में जब इसी तरह के संस्थानों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है।
अधिकारियों ने सिराज-उल-उलूम के जमात-ए-इस्लामी से संबंधों का आरोप लगाया
अधिकारियों ने बताया कि सिराज-उल-उलूम के प्रतिबंधित JeI के साथ गुप्त संबंध थे। इसके अलावा, जमीन के सौदों में भी कई गड़बड़ियां सामने आईं, यह बिना पंजीकरण के चल रहा था और इसके पैसों के लेन-देन में भी काफी अनियमितताएं पाई गईं। इस मदरसे के कुछ पुराने छात्रों के उग्रवादी गतिविधियों में शामिल होने की बात भी सामने आई है, यहां तक कि साल 2019 के एक कार बम विस्फोट से भी इनके संबंध होने का आरोप है। मदरसे ने इन आरोपों पर अपनी सफाई देने की कोशिश तो की, लेकिन अधिकारी उनकी बात से संतुष्ट नहीं हुए। सरकार का कहना है कि यह कदम ऐसे संस्थानों के गलत इस्तेमाल को रोकने और इलाके की सुरक्षा को बनाए रखने के लिए उठाया गया है।