2028 तक भारत को मिलेगा 'अपना' स्मार्टफोन, 62,500 करोड़ की योजना से बदलेगा गेम?
भारत ने 2028 तक पूरी तरह से स्वदेशी स्मार्टफोन बाजार में लाने का लक्ष्य रखा है। इसका मतलब है कि ये फोन यहीं डिजाइन होंगे, यहीं बनेंगे और यहीं असेंबल भी किए जाएंगे।
अभी देश में ज्यादातर फोन विदेशी पुर्जों को जोड़कर ही बनाए जाते हैं। अपनी तकनीक को बढ़ावा देने और आयात पर निर्भरता घटाने के लिए सरकार अगले ही महीने कुछ नए नियम लाने वाली है।
स्कीम भारतीय निर्माताओं को 62,500 करोड़ रुपये देगी
सरकार का खास जोर ऐसे सस्ते एंड्रॉयड फोन बनाने पर है, जो ज्यादा से ज्यादा लोग खरीद सकें। भारतीय कंपनियों को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ी प्रोत्साहन योजना (62,500 करोड़ रुपये) भी तैयार है।
यह उन भारतीय कंपनियों को इनाम देगी, जो देश में ही फोन डिज़ाइन और तैयार करेंगी। माइक्रोमैक्स और लावा जैसे पुराने ब्रांड्स बाजार से लगभग गायब हो चुके हैं। ऐसे में नए भारतीय प्लेयर्स के लिए मौका है। हालांकि, चिप्स जैसे अहम पुर्जे खुद बनाना एक बड़ी चुनौती होगी। कौन-कौन से ब्रांड्स इस दौड़ में शामिल होंगे, इसकी जानकारी जल्द ही सामने आएगी।