घर-घर पहुंचा डॉक्टर, ई-संजीवनी ने 2026 तक 50 करोड़ परामर्श का रिकॉर्ड तोड़ा
भारत की टेलीमेडिसिन सेवा ई-संजीवनी ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। सितंबर 2026 तक इस प्लेटफॉर्म पर 50 करोड़ से ज्यादा ऑनलाइन डॉक्टर परामर्श पूरे हो गए हैं। इसके उपयोगकर्ताओं में आधी से ज्यादा संख्या महिलाओं की थी। वहीं, लगभग 40 प्रतिशत उपयोगकर्ता 46 साल या उससे ज्यादा उम्र के लोग थे। यह स्वास्थ्य सेवाओं को लोगों तक आसानी से पहुंचाने की दिशा में एक अहम कदम है, फिर चाहे वे कहीं भी रहते हों।
ई-संजीवनी 1.42 लाख से ज्यादा स्वास्थ्य केंद्रों को जोड़ती है
ई-संजीवनी अब देश भर में 1.42 लाख से ज्यादा स्थानीय स्वास्थ्य केंद्रों और करीब 19,500 मेडिकल हब को आपस में जोड़ती है। रोजाना लगभग 2.5 से 3 लाख परामर्श में डॉक्टरों की सलाह ली जाती है। एक दिन में सबसे ज्यादा 6.30 लाख परामर्श का रिकॉर्ड भी इसी प्लेटफॉर्म पर बना है। इस प्लेटफॉर्म की बढ़ती लोकप्रियता यह बताती है कि कैसे डिजिटल स्वास्थ्य सेवाएं दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों तक पहुंंच रही हैं। साथ ही यह भारत को सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज के लक्ष्य के और करीब ले जा रहा है।