भारत की रक्षा खर्च में बड़ी छलांग, 8,790 करोड़ रुपये के साथ 5वें पायदान पर पहुंचा
भारत का रक्षा खर्च 2025 में 92.1 अरब डॉलर (लगभग 8,790 करोड़ रुपये) तक पहुंच गया है। पिछले साल 2024 के मुकाबले इसमें 8.9 प्रतिशत की बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इसके साथ ही भारत अब दुनिया में रक्षा पर सबसे ज्यादा खर्च करने वाले देशों में 5वें नंबर पर आ गया है। स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (SIPRI) की रिपोर्ट में यह अहम खुलासा हुआ है। यह अमेरिका, चीन, रूस और जर्मनी के ठीक बाद है। यह बढ़ोतरी भारत के अपने सैन्य बल को आधुनिक बनाने की कोशिशों को दिखाती है, क्योंकि देश की सुरक्षा से जुड़ी चिंताएं लगातार बढ़ रही हैं।
भारत दुनिया में दूसरा सबसे बड़ा हथियार आयातक
2021 से 2025 के बीच भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा हथियार आयातक रहा है। इस दौरान भारत का हथियार आयात पाकिस्तान के मुकाबले लगभग दोगुना रहा। हालांकि, सिर्फ हथियार खरीदने वाला ही नहीं, बल्कि भारत अब एक बड़ा निर्यातक भी बन गया है। देश का रक्षा निर्यात भी बहुत तेजी से बढ़ा है। साल 2025-26 में यह 4 अरब डॉलर से ज्यादा हो गया, जो 60 प्रतिशत से भी ज्यादा की रिकॉर्ड बढ़ोतरी है।