85 प्रतिशत इथेनॉल से मिलेगी आजादी! भारत ला रहा फ्लेक्स-फ्यूल वाहन, विदेशी तेल पर निर्भरता होगी कम
भारत तेजी से फ्लेक्स-फ्यूल व्हीकल (FFV) को सड़कों पर उतारने की तैयारी कर रहा है। इसका मकसद विदेशी तेल पर देश की निर्भरता को घटाना है। जब दुनिया में तेल की कीमतें घटती-बढ़ती हैं और भू-राजनीतिक तनाव बढ़ता है, ऐसे में यह कदम बेहद जरूरी हो जाता है। इन FFV गाड़ियों को 85% तक इथेनॉल पर चलाया जा सकता है, जो 2025 के तय किए गए 20% ब्लेंड से कहीं ज्यादा है। यह गाड़ी की माइलेज और इंजन की परफॉरमेंस से जुड़ी लोगों की दो मुख्य चिंताओं को दूर कर सकता है। इसके साथ ही, यह भारत की ऊर्जा सुरक्षा को भी मजबूत करेगा।
उद्योग और सरकार मिलकर तैयार कर रहे हैं FFV रोडमैप
तेल कंपनियां, ऑटोमोबाइल निर्माता और सरकारी अधिकारी मिलकर FFV को लागू करने के लिए एक विस्तृत रोडमैप तैयार कर रहे हैं। इस रोडमैप को ऑटो और तेल क्षेत्र के शीर्ष अधिकारियों के सामने पेश किया जाएगा, और केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्रालय इसकी समीक्षा करेगा। यह कदम भविष्य में देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए नए और बेहतर रास्ते तलाशने की दिशा में उठाया जा रहा है।