एक दिन की कमाई में सिर्फ 8 लीटर पेट्रोल! ईंधन सामर्थ्य में दुनिया की 10 बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में भारत सबसे पीछे
अगर आपको लगता है कि भारत में अपनी गाड़ी में पेट्रोल डलवाना आपके बजट पर भारी पडता है, तो आप अकेले नहीं हैं।
ग्लोबलपेट्रोलप्राइसेज.कॉम की एक रिपोर्ट के मुताबिक, दुनिया की 10 सबसे बडी अर्थव्यवस्थाओं में ईंधन की सामर्थ्य के मामले में भारत सबसे निचले पायदान पर है।
एक औसत भारतीय अपनी एक दिन की कमाई से सिर्फ 8 लीटर पेट्रोल या डीजल ही खरीद सकता है।
अगर इसकी तुलना अमेरिका से करें, तो वहां के लोग अपनी एक दिन की कमाई से करीब 199 लीटर पेट्रोल या 171 लीटर डीजल खरीद सकते हैं।
वैश्विक ईंधन सामर्थ्य में भारी अंतर
ब्राजील की हालत भी कुछ खास नहीं है, वहां के लोग रोज करीब 20 लीटर ईंधन खरीद पाते हैं।
जर्मनी, फ्रांस और यूनाइटेड किंगडम जैसे देशों में लोग आसानी से एक दिन में 50 लीटर से ज्यादा ईंधन खरीद लेते हैं।
वहीं दूसरी ओर, वेनेजुएला और लीबिया जैसे तेल से समृद्ध देश इस मामले में सबसे आगे हैं। वहां के एक औसत नागरिक की एक दिन की कमाई से 2,500 लीटर से ज्यादा डीजल खरीदा जा सकता है!
इसके उलट, मलावी और सेंट्रल अफ्रीकन रिपब्लिक जैसे देशों में लोग अपनी एक दिन की कमाई से एक लीटर ईंधन भी नहीं खरीद पाते।
पेट्रोल में भारत 121वें और डीजल में 118वें स्थान पर
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पेट्रोल की सामर्थ्य के मामले में भारत 121वें स्थान पर है, जबकि डीजल के मामले में वह 118वें पायदान पर है।
इसका मतलब है कि भारत में ईंधन की कीमत लोगों की आमदनी के मुकाबले काफी ज्यादा है।