हैदराबाद बना देश का सबसे खराब भूजल संकट वाला मेट्रो शहर, जानिए क्या है कारण
सरकारी रिपोर्ट के मुताबिक, हैदराबाद अब भारत में सबसे खराब भूजल संकट वाला मेट्रो शहर बन गया है। शहर के पानी का स्तर काफी नीचे चला गया है। इसके मुख्य कारण बहुत ज्यादा बोरवेल की खुदाई, बारिश के पानी को इकट्ठा करने की व्यवस्था न होना और जमीन का पथरीला होना है। देश के सभी मेट्रो शहरों में हैदराबाद में सबसे ज्यादा दोहन वाले इलाके हैं, जिनकी संख्या 26 हैं। हैरान करने वाली बात यह है कि हैदराबाद जिले की 16 मूल्यांकन इकाइयों में से एक भी सुरक्षित श्रेणी में नहीं है।
करीब 10 लाख बोरवेल और पानी जमा करने का कम इंतजाम
ग्रेटर हैदराबाद में करीब 10 लाख बोरवेल हैं, जिनमें से कई कानून की अनुमति से कहीं अधिक गहरे खोदे गए हैं। अच्छी बारिश होने के बावजूद शहर के सिर्फ 15 प्रतिशत हिस्से में ही रेनवाटर हार्वेस्टिंग के रिचार्ज पिट्स की व्यवस्था है। पानी की इस बेरोकटोक निकासी और उसे दोबारा ज़मीन में रिचार्ज करने की खराब व्यवस्था के चलते, निवासियों और व्यवसायों के लिए पानी की किल्लत एक बड़ा खतरा बनती जा रही है। भूजल के अत्यधिक इस्तेमाल से पानी का स्तर और नीचे जा सकता है और उसकी गुणवत्ता भी खराब हो सकती है। यह एक गंभीर समस्या है जिस पर स्थानीय लोगों के साथ-साथ अधिकारियों को भी तुरंत ध्यान देना चाहिए।