वोटर लिस्ट से करोड़ों नाम गायब, पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त ने चुनाव आयोग से मांगा जवाब
पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त ओपी रावत ने भारत निर्वाचन आयोग (ECI) से आग्रह किया है कि वह वोटर लिस्ट से लाखों मतदाताओं के नाम हटाए जाने के हालिया आरोपों पर साफ-साफ जानकारी दे।
एक तरफ जहां विपक्षी दल मौजूदा मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं, वहीं ओपी रावत इस मुद्दे पर अपनी कोई राय नहीं दे रहे। उनकी बस इतनी ही इच्छा है कि ECI तथ्यों के आधार पर सही बात बताए और इस मामले को सुलझाए।
कथित 13 करोड़ नाम हटने के बाद ECI ने चलाया अभियान
यह विवाद तब गरमाया जब मतदाता सूचियों में बड़े पैमाने पर संशोधन हुआ। कुछ लोगों का दावा है कि इस दौरान 13 करोड़ से भी ज्यादा नाम वोटर लिस्ट से हटा दिए गए।
इस मामले को लेकर दिल्ली में विरोध प्रदर्शन हुए। यहां तक कि ECI अधिकारियों से मिलने की कोशिश कर रहे राहुल गांधी जैसे कई सांसदों को हिरासत में भी लिया गया।
इसके बाद, ECI ने 20 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में एक विशेष अभियान चलाया है। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी योग्य मतदाता सूची से बाहर न हो।