
शराब नीति मामला: AAP को आरोपी बना सकती है ED, सुप्रीम कोर्ट को दी जानकारी
क्या है खबर?
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने सुप्रीम कोर्ट में कहा है कि वह दिल्ली की शराब नीति मामले में आम आदमी पार्टी (AAP) को आरोपी बनाने के बारे में सोच रही है।
5 अक्टूबर को मामले की सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने ED से इस बारे में सवाल किया था।
कोर्ट ने ED से कहा था कि अगर इस पूरे घोटाले का फायदा AAP को हुआ तो अभी तक उसे धन-शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत आरोपी क्यों नहीं बनाया।
कोर्ट
सिसोदिया की जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरा ASG ने दी जानकारी
न्यायमूर्ति संजीव खन्ना और एसवीएन भट्टी की पीठ AAP नेता मनीष सिसोदिया की जमानत याचिका पर सुनवाई कर रही है।
इसी दौरान कोर्ट में अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल (ASG) एसवी राजू ने कोर्ट से कहा, "ED मनी लॉन्ड्रिंग मामले में AAP को आरोपी बनाने और धारा 70 लागू करने पर विचार कर रही है।"
उन्होंने कहा, "हम AAP पर धारा 70 लागू करने पर विचार कर रहे हैं, ताकि परोक्ष दायित्व के संबंध में अतिरिक्त जांच की जा सके।"
कोर्ट
कोर्ट ने पूछा- सिसोदिया पर लगाए आरोपों पर कब शुरू होगी सुनवाई
कोर्ट ने सुनवाई शुरू होने पर ASG राजू से पूछा था कि शराब नीति घोटाले में सिसोदिया के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर सुनवाई अभी तक क्यों शुरू नहीं हुई है।
कोर्ट ने पूछा, "आरोपों पर कब सुनवाई शुरू होगी? आप किसी को इसलिए अनंतकाल तक जेल में नहीं रख सकते क्योंकि आप आश्वस्त नहीं हैं कि आप आरोपों पर कब बहस कर सकते हैं। आप इस तरह सुनवाई को लगातार टाल नहीं सकते हैं।"
सफाई
मामले में अपने बयान पर सफाई दे चुका है सुप्रीम कोर्ट
बता दें कि उसके सवाल के बाद AAP को आरोपी बनाने को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने सफाई भी दी थी।
कोर्ट ने कहा था, "हम स्पष्ट करना चाहते हैं कि हमारा प्रश्न किसी को फंसाने के लिए नहीं था। मान लीजिए कि यदि A पर मुकदमा नहीं चलाया जा रहा है तो क्या B या C पर मुकदमा चलाया जा सकता है? उस संदर्भ में यह प्रश्न एक कानूनी प्रश्न के रूप में प्रस्तुत किया गया था।"
आरोप
AAP पर क्या हैं आरोप?
ED का आरोप है कि इस घोटाले का फायदा AAP को भी हुआ है और रिश्वत उसके चुनावी अभियान में इस्तेमाल हुई।
AAP सांसद संजय सिंह को भी इसी मामले में गिरफ्तार किया गया है।
उन पर आरोप हैं कि उन्होंने व्यापारी दिनेश अरोड़ा से कहा था कि वो रेस्तरां मालिकों से दिल्ली में आगामी चुनावों के लिए पार्टी फंड इकट्ठा करने के लिए कहे।
इस तरह संजय को पार्टी के चंदे के तौर पर 82 लाख रुपये मिले थे।
मामला
क्या है नई शराब नीति का मामला?
दिल्ली सरकार ने 17 नवंबर, 2021 को नई शराब नीति लागू की थी। इसके तहत शराब के ठेकों को निजी हाथों में सौंपा जाना था और 32 जोन में 849 दुकानें खुलनी थीं।
उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने इस नीति में गड़बड़ी की आशंका जताते हुए CBI जांच की सिफारिश की थी। जुलाई, 2022 में सरकार ने इस नीति को रद्द कर दिया था।
CBI ने जांच के बाद इस मामले में सिसोदिया समेत अन्य के खिलाफ FIR दर्ज की थी।