वोटर लिस्ट में जिंदा शख्स को 'मृत' बताया, कर्नाटक में 43 लाख से ज्यादा नामों में गड़बड़ी
कर्नाटक के मंगलुरु साउथ के रहने वाले 61 साल के डोनाल्ड जोसेफ रेगो के साथ ठीक ऐसा ही हुआ। कर्नाटक की शुरुआती वोटर लिस्ट में उन्हें मृत दर्ज किया गया था, जिसके बाद रेगो को यह साबित करने के लिए कई बार चुनाव कार्यालयों के चक्कर काटने पड़े कि वे अभी भी जीवित हैं। आखिरकार 7 सितंबर को उनके नाम और बाकी जानकारी में सुधार कर दिया गया, लेकिन उन्हें अभी भी अपना वोटर कार्ड नहीं मिला है।
43 लाख से ज्यादा वोटर्स की जानकारी में गड़बड़ियां
कर्नाटक में चल रही SIR प्रक्रिया के दौरान, 43 लाख से ज्यादा वोटर्स की जानकारी में गलत उम्र या नाम जैसी गड़बड़ियां मिली हैं। इन गलतियों के अलावा, सरकारी प्लेटफॉर्म्स पर आ रही तकनीकी दिक्कतों की वजह से लोगों को अपने रिकॉर्ड्स ठीक करवाने या जरूरी दस्तावेज अपलोड करने में भी बहुत मुश्किल हो रही है।
इन समस्याओं को सुलझाने के लिए राज्य में 23 सितंबर तक सुनवाई चल रही है। इसमें खासकर उन प्रवासी मजदूरों और दक्षिण कन्नड़ जैसी जगहों के लोगों पर ध्यान दिया जा रहा है, जिन्हें वोटर लिस्ट में अपना नाम दोबारा जुड़वाने में परेशानी आ रही है।