दिल्ली में 25,000 आवारा पशुओं का संकट: शेल्टरों में जगह नहीं, खाली वादे और मौत का जाल बनती सड़कें
दिल्ली में 25,000 से ज्यादा आवारा पशु सड़कों पर घूम रहे हैं। शहर के 4 सरकारी शेल्टरों में पूरी जगह भर चुकी है, यहां सिर्फ 19,838 पशु ही रह सकते हैं। MCD की टीमें बमुश्किल इन पशुओं को पकड़ पाती हैं। हर दिन वे मुश्किल से 50 से 60 पशु ही पकड़ पा रही हैं, क्योंकि उन्हें रखने के लिए कहीं और जगह है ही नहीं।
दिल्ली में शेल्टर बनाने का वादा पूरा नहीं हुआ
इन आवारा पशुओं की वजह से कई गंभीर हादसे हुए हैं। पिछले साल इनकी वजह से 2 लोगों की जान चली गई और इस साल जून में भी कई लोग घायल हुए।
सरकार ने साल 2025 में हर जिले में नए शेल्टर बनाने का वादा किया था। लेकिन, पिछले एक साल में एक भी नया शेल्टर नहीं खुल पाया है। शेल्टर चलाने वाले ऑपरेटर भी पैसों की तंगी से जूझ रहे हैं। यह आवारा पशुओं की समस्या उन अवैध डेयरियों से भी जुड़ी हुई है, जो शहर के बाहर बनाई गई डेरी कॉलोनियों में अभी तक नहीं गईं। अधिकारियों का कहना है कि अगर दिल्ली की सड़कों को सुरक्षित बनाना है, तो शेल्टरों की क्षमता बढ़ाना बहुत जरूरी है।