दिल्ली अग्निशमन विभाग का 'मिशन 2051', AI और ड्रोन से बुझाई जाएगी आग
दिल्ली अग्निशमन सेवा ने शहर को आपात स्थितियों में ज्यादा सुरक्षित और तेजी से मदद पहुंचाने के लिए 25 साल का एक बड़ा प्लान बनाया है। इस प्लान में AI-आधारित डिस्पैच सिस्टम, तुरंत जानकारी देने वाले ड्रोन और स्मार्ट बिल्डिंग शामिल हैं, जिनसे आग को शुरुआत में ही पहचाना जा सकेगा। 2051 तक फायर स्टेशनों की संख्या लगभग तीन गुना बढ़कर 71 से 196 हो जाएगी। साथ ही, 25,000 से ज्यादा नए फायर फाइटर्स टीम का हिस्सा बनेंगे, जिससे मदद और भी तेजी से लोगों तक पहुंच पाएगी।
दिल्ली प्लान में चरणबद्ध तरीके से डिटेक्टर और स्प्रिंकलर का प्रस्ताव
इस प्लान में यह भी प्रस्ताव है कि 2026 तक सभी नई इमारतों में और 2030 तक सभी पुरानी इमारतों में स्मोक डिटेक्टर और स्प्रिंकलर लगाना अनिवार्य किया जाएगा। ड्रोन मुश्किलों को तेजी से पहचानेंगे, और ट्रैफिक जाम की समस्या से निपटने के लिए ज्यादा क्विक रिस्पांस व्हीकल्स भी लाए जाएंगे। इसके अलावा, फायर डिपार्टमेंट के कम्युनिकेशन सिस्टम को भी बेहतर बनाया जा रहा है, ताकि आपातकाल में प्रतिक्रिया देने का समय और भी घट जाए। ये सभी बदलाव आने वाले कुछ दशकों में धीरे-धीरे लागू होंगे, जिससे दिल्ली की सुरक्षा पहले से कहीं ज्यादा मजबूत बन जाएगी।