चीन ने LAC पर कम की सैनिकों की तैनाती, रक्षा मंत्रालय की रिपोर्ट में दावा
क्या है खबर?
रक्षा मंत्रालय ने 2025-26 की अपनी सालाना रिपोर्ट में बताया है कि 2025 में चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) ने वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर सैनिकों की संख्या में कमी की है। रिपोर्ट के मुताबिक, LAC और चीन के मिलिट्री ट्रेनिंग सेंटर में अब करीब 10 कंबाइंड आर्म्स ब्रिगेड के आकार की सैन्य टुकड़ियां तैनात हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत-चीन के बीच निरंतर संपर्क ने देश की उत्तरी सीमाओं पर स्थिरता में योगदान दिया है।
रिपोर्ट
रिपोर्ट में कहा गया- सीमा स्थिर लेकिन संवेदनशील
रिपोर्ट के अनुसार, LAC के साथ चीनी सैन्य तैनाती में 2025 में महत्वपूर्ण कमी देखी गई। हालांकि, ये भी कहा गया है कि उत्तरी सीमा 'स्थिर लेकिन संवेदनशील' बनी हुई है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि डेपसांग और डेमचोक में 2024 में भारत और चीन के बीच हुए अलगाव समझौते के बाद चीनी तैनाती में कमी आई है। उत्तरी सीमाओं और चीन के पारंपरिक प्रशिक्षण क्षेत्रों दोनों में तैनाती में कमी दर्ज की गई है।
वार्ता
रिपोर्ट में भारत-चीन सैन्य वार्ता का भी जिक्र
रिपोर्ट के अनुसार, भारत-चीन सैन्य वार्ता इस वर्ष फिर से शुरू हुई, जिसमें अक्टूबर 2025 में पूर्वी लद्दाख में आयोजित 23वीं कोर कमांडर-स्तरीय बैठक भी शामिल है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि PLA के साथ सीमाकर्मियों की बैठकें सभी क्षेत्रों में सौहार्दपूर्ण माहौल में जारी हैं और दोनों पक्ष मुद्दों को संबोधित करने के लिए इस तंत्र का उपयोग कर रहे हैं।
हालांकि, सेना ने कहा कि वो किसी भी उभरते खतरे का सामना करने के लिए तैयार है।
ऑपरेशन सिंदूर
रिपोर्ट में ऑपरेशन सिंदूर के बारे में क्या कहा गया?
रिपोर्ट में 'ऑपरेशन सिंदूर' से मिले सीख पर भी प्रकाश डाला गया है।
इसमें कहा गया कि इस ऑपरेशन ने भारत की बहु-क्षेत्रीय क्षमता, खुफिया मजबूती, तकनीकी बढ़त और तीनों सेनाओं के परिचालन तत्परता को प्रदर्शित किया।
सेना ने कहा कि ऑपरेशन के बाद उसने क्षमता संबंधी कमियों की समीक्षा की, जिसमें बल पुनर्गठन, तीनों सेनाओं के बीच तालमेल बढ़ाने और उभरती तकनीकों को शामिल करने जैसे क्षेत्र प्रमुख थे।
तैनाती
LAC पर कितने चीनी सैनिक तैनात हैं?
रिपोर्ट के मुताबिक, चीनी PLA ने LAC के साथ 10 संयुक्त शस्त्र ब्रिगेड तैनात किए थे, जबकि अन्य 10 ब्रिगेड सीमा से दूर प्रशिक्षण क्षेत्रों में तैनात थे। यानी 2025 में LAC के साथ अनुमानित 40,000-50,000 चीनी सैनिक तैनात थे। इतने ही सैनिक निर्धारित प्रशिक्षण क्षेत्रों में भी थे।
माना जाता है कि अक्टूबर 2024 में दोनों पक्षों के बीच टकराव बिंदुओं से सैनिकों को हटाने पर सहमति बनने से पहले केवल लद्दाख सेक्टर में ही 60,000 सैनिक तैनात थे।
अन्य बातें
रिपोर्ट की बड़ी बातें
जम्मू-कश्मीर में 2025 में पत्थरबाजी की एक भी घटना नहीं हुई।
LoC पर सीजफायर उल्लंघन के मामले 2024 में 2 थे, जो 2025 में बढ़कर 163 हो गए। 12 पाकिस्तानी आतंकी ढेर हुए।
ड्रोन घुसपैठ की 863 घटनाएं दर्ज की गईं, जिनमें जम्मू-कश्मीर में अंतरराष्ट्रीय सीमा के साथ 9 घटनाएं और पंजाब और राजस्थान में 854 घटनाएं शामिल हैं।
अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास से 2 AK-47 राइफलें, 75 पिस्तौल और 281.41 किलोग्राम प्रतिबंधित सामग्री बरामद की गई।