निजामुद्दीन में CJP प्रदर्शन दिहाड़ी मजदूरों की जेब पर भारी, हजारों की कमाई दांव पर
दिल्ली में शनिवार को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन ने दिहाड़ी मजदूरों, खासकर प्रवासी मजदूरों की मुश्किलें बढ़ा दीं। निजामुद्दीन पर लगे पुलिस बैरिकेड्स के कारण कई मजदूर अपने काम पर नहीं पहुंच सके। ज्यादातर मजदूरों के पास वैध पहचान पत्र नहीं थे, जिस वजह से उन्हें रोका गया। जो लोग अपनी रोज की कमाई पर निर्भर हैं, उनके लिए एक दिन का भी काम छूटना बहुत बड़ी आर्थिक परेशानी ला सकता है।
इलेक्ट्रिशियन मुकेश चौहान को 9,000 रुपये के नुकसान का डर
खान मार्केट और स्थानीय कंस्ट्रक्शन साइट्स पर काम करने वाले मजदूरों पर इसका बुरा असर पड़ा। इलेक्ट्रिशियन मुकेश चौहान ने चिंता जताई कि उन्हें अपनी 9,000 रुपये की मासिक कमाई गंवानी पड़ सकती है। राम किशन मंडल ने बताया कि उनके लिए यह स्थिति कितनी मुश्किल है, खासकर तब जब बिहार में बाढ़ से उनका घर बर्बाद हो चुका है। दुखद बात यह है कि यह कोई नई समस्या नहीं है। इसी साल की शुरुआत में भी ऐसे ही प्रदर्शनों के चलते दिहाड़ी मजदूरों को दो वक्त की रोटी के लिए जूझना पड़ा था।