अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को बरी किए जाने के खिलाफ दिल्ली हाई कोर्ट जाएगी CBI
क्या है खबर?
केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने शुक्रवार को कहा कि वह दिल्ली के शराब घोटाले मामले में अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया के खिलाफ दिल्ली हाई कोर्ट में अपील करेंगे। जांच एजेंसी हाई कोर्ट में राउज एवेन्यू कोर्ट के उस आदेश को चुनौती देगी, जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री सिसोदिया को बरी कर दिया गया है। CBI की ओर से जल्द ही इस मामले में कदम उठाया जा सकता है।
सुनवाई
कोर्ट ने कहा- न्यायिक जांच में खरे नहीं उतरे
दिल्ली की कोर्ट ने आदेश सुनाते हुए कहा कि जांच एजेंसी द्वारा केजरीवाल और सिसोदिया पर लगाए गए कथित केंद्रीय षड्यंत्रकारी भूमिका को प्रमाणित नहीं किया जा सका है। कोर्ट ने कहा कि उनके सामने जो आरोप रखे गए थे वह न्यायिक जांच में खरे नहीं उतरे हैं। कोर्ट ने अपने अवलोकन में पाया कि सिसोदिया का कोई आपराधिक इरादा नहीं था। उसने निष्कर्ष निकाला कि दोनों नेताओं के खिलाफ मामले को आगे बढ़ने के लिए प्रस्तुत सामग्री अपर्याप्त थी।
आरोप
CBI ने मामले में कुल 23 को बनाया था आरोपी
दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार ने नवंबर, 2021 में नई शराब नीति लागू की थी, जिसके बाद उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने इसमें अनियमितताओं की आशंका जताते हुए CBI जांच कराने की सिफारिश की। जुलाई, 2022 में सरकार ने नीति रद्द कर दी। हालांकि, CBI ने जांच जारी रखी और 2022 में अपना पहला आरोपपत्र पेश किया। CBI ने मामले में केजरीवाल, सिसोदिया और तेलंगाना की सांसद के कविता समेत 23 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था।