दिल्ली में वृद्धावस्था पेंशन पर सरकार की सख्ती, बायोमेट्रिक सत्यापन से लगाया जा रहा असली हकदार का पता
दिल्ली सरकार ने करीब 4.40 लाख बुजुर्गों की वृद्धावस्था पेंशन के लिए घर-घर जाकर बायोमेट्रिक सत्यापन शुरू कर दिया है। पहले इसमें कुछ देरी हुई थी, लेकिन अब सर्वे टीमें फिंगरप्रिंट और आइरिस स्कैनर लेकर घरों का दौरा कर रही हैं। इसका मकसद यह पता लगाना है कि सही लोगों को ही यह सहायता मिल रही है या नहीं। यह पूरा अभियान अगले तीन महीनों में खत्म होने की उम्मीद है।
दिल्ली के अधिकारियों को 20-25 प्रतिशत पेंशनधारकों के अपात्र होने की आशंका
अधिकारियों का अनुमान है कि करीब 20 से 25 प्रतिशत ऐसे मामले सामने आ सकते हैं, जहां लोग अब पेंशन के पात्र नहीं होंगे। ऐसे लोगों में वे शामिल हो सकते हैं जिनकी मृत्यु हो चुकी है या जो सरकार से किसी और योजना का लाभ पहले से ले रहे हैं। अभी किसी की पेंशन रोकी नहीं जाएगी; जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक भुगतान जारी रहेगा। यह पेंशन पाने के लिए कुछ शर्तें हैं। सबसे पहले आपकी उम्र 60 साल या उससे ज्यादा होनी चाहिए। दूसरा, आपके परिवार की सालाना आय एक लाख रुपये से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। साथ ही आप पिछले कम से कम 5 सालों से दिल्ली के निवासी होने चाहिए। आखिर में आपको सरकार की किसी और योजना से आर्थिक मदद नहीं मिल रही होनी चाहिए।