महाराष्ट्र में 40,000 डॉक्टर हड़ताल पर, होम्योपैथी पर फैसले से IMA की देशव्यापी चेतावनी
महाराष्ट्र के अस्पतालों में स्थिति गंभीर बनी हुई है। लगभग 40,000 रेजिडेंट डॉक्टर्स और इंटर्न हड़ताल पर चले गए हैं। यह हड़ताल बुधवार, 5 अगस्त से शुरू हुई है। डॉक्टर सरकार के उस फैसले का विरोध कर रहे हैं, जिसके तहत होम्योपैथी डिग्री धारकों को 'सर्टिफिकेट कोर्स इन मॉडर्न फार्माकोलॉजी' (CCMP) पूरा करने के बाद महाराष्ट्र मेडिकल काउंसिल में डॉक्टर के तौर पर पंजीकरण की इजाजत दे दी गई है।
इस हड़ताल के कारण मरीजों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। OPD में लंबी कतारें लग रही हैं, सर्जरी टल रही हैं और 35 सरकारी तथा 5 नगर निगम संचालित मेडिकल कॉलेजों में पढ़ाई भी रुक गई है।
IMA ने देशव्यापी विरोध की धमकी दी
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) ने भी इस फैसले पर कड़ी आपत्ति जताई है। IMA ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने अपना फैसला वापस नहीं लिया, तो वे पूरे देश में विरोध प्रदर्शन शुरू कर देंगे।
IMA के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉक्टर अनिलकुमार नायक ने बताया कि 'सर्टिफिकेट कोर्स इन मॉडर्न फार्माकोलॉजी' (CCMP) को किसी भी बड़ी मेडिकल बॉडी से मान्यता नहीं मिली है। फिलहाल, सरकार ने यह साफ किया है कि बॉम्बे हाई कोर्ट से इस मामले पर अंतिम फैसला आने तक नए CCMP पंजीकरण रोक दिए जाएंगे।