सेना प्रमुख ने बताया- 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान नमाज के समय नहीं करते थे हमला
क्या है खबर?
भारतीय सेना के प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी ने हाल में एक पॉडकास्ट में बताया कि जब सेना पाकिस्तान के खिलाफ 'ऑपरेशन सिंदूर' चला रही थी, तब कभी भी नमाज के समय हमला नहीं किया गया। IIMUN के पॉडकास्ट में उन्होंने बताया कि भारत 'सबका मालिक एक है' पर विश्वास करता है, इसलिए हमले के लिए ऐसा कोई समय नहीं चुना गया, जब दूसरी तरफ लोग प्रार्थना कर रहे हो। उन्होंने कहा कि सेना मानवीय-नैतिक मूल्यों को भी ध्यान में रखती है।
बयान
हम कभी भी कर सकते थे हमला- द्विवेदी
जनरल द्विवेदी से पूछा गया कि क्या उन्होंने 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान भगवान श्रीकृष्ण के उपदेशों को याद किया था। इसपर उन्होंने कहा, "हम लक्ष्यों को नष्ट करने के लिए 2-4 बजे कोई भी समय चुन सकते थे, लेकिन हमने तय किया कि जब आतंकवादी शिविरों में लोग नमाज अदा कर रहे हो तो कोई कार्रवाई न की जाए, क्योंकि सबका मालिक एक है। इसीलिए हमने ऐसा समय चुना, जब हमें पता था कि वे नमाज नहीं पढ़ रहे होंगे।"
ट्विटर पोस्ट
जनरल उपेंद्र द्विवेदी का बयान
🚨 ऑपरेशन सिंदूर पर आर्मी चीफ का बयान
— Madhurendra kumar मधुरेन्द्र कुमार (@Madhurendra13) April 10, 2026
COAS उपेन्द्र द्विवेदी ने कहा:
🗣️ “ऑपरेशन सिंदूर के दौरान हम उस समय हमला नहीं करते थे जब दूसरी तरफ लोग नमाज़ पढ़ रहे होते थे।”
“क्योंकि सबका मालिक एक है।”#IndianArmy #OperationSindoor #Breaking pic.twitter.com/Zf3p1J62ED
बयान
बेटियों से भी जनरल लेते हैं सीख
जनरल द्विवेदी ने पॉडकास्ट में अपने निजी जीवन पर भी चर्चा की। उनसे पूछा गया कि उनकी बेटियां जीवन में उनकी पत्नी से अलग क्यों हैं। इसपर जनरल द्विवेदी ने कहा, "मेरी बेटियों ने मुझे सिखाया कि आपको किसी से बातचीत करने के लिए अपने स्तर से नीचे आना पड़ता है। आप हमेशा 6 फीट ऊंचे नहीं रह सकते।" जनरल द्विवेदी ने बताया कि उनकी बेटियां उन्हें सेना में सामाजिक और कार्यस्थल से जुड़े बदलावों के लिए प्रेरित करती हैं।