पुणे के IT पेशेवर के साथ हुई 4.43 करोड़ रुपये की ठगी, जानिए कैसे
पुणे का एक IT पेशेवर एक ट्रेडिंग स्कैम का शिकार हो गया। उसने एक व्हाट्सऐप ग्रुप जॉइन किया था, जो शेयर बाजार में सलाह देने का दिखावा कर रहा था। यह ग्रुप एक जाने-माने इंटरनेशनल बैंक का नाम इस्तेमाल कर रहा था, ताकि लोग उस पर आसानी से भरोसा कर सकें। करीब दो हफ्तों में उस प्रोफेशनल ने एक फर्जी इन्वेस्टमेंट ऐप के जरिए 34 बार पैसे जमा किए। ऐप में उसे बड़े-बड़े मुनाफे दिखाए जा रहे थे, लेकिन जब उसने अपनी कमाई निकालने की कोशिश की, तो उस पर और पैसे जमा करने का दबाव डाला गया। जब उसे एहसास हुआ कि उसके साथ ठगी हुई है, तो उसने पिंपरी-चिंचवड़ की साइबर क्राइम पुलिस को इसकी शिकायत की। अब पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।
व्हाट्सऐप ग्रुप से हुआ शिकार, फर्जी ट्रेडिंग ऐप ने उड़ाए 4.43 करोड़ रुपये
यह पूरा मामला एक सोशल मीडिया पोस्ट से शुरू हुआ था, जिसके बाद वह शख्स एक व्हाट्सऐप ग्रुप से जुड़ गया। उस ग्रुप में रोजाना ऑनलाइन सेशन होते थे, जिनमें उसने हिस्सा लिया। वहीं, 'मायरा' नाम की एक एडमिनिस्ट्रेटर ने उसे एक फर्जी ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड करने के लिए मना लिया। इस ऐप पर उसे कुल 26.64 करोड़ रुपये के नकली मुनाफे दिखाए गए, लेकिन, जैसे ही उसने अपने कमाए हुए पैसे निकालने की कोशिश की उस पर और पैसे जमा करने का दबाव बनाया जाने लगा।
आरोपियों ने किया फर्नी खातों का इस्तेमाल
जांचकर्ताओं का मानना है कि इस पैसे को कई फर्जी खातों के जरिए अलग-अलग जगह भेजा गया है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी है कि इस तरह की ऑनलाइन धोखाधड़ी लगातार बढ़ रही हैं, जिनमें अक्सर जाने-माने ब्रांड नामों और आकर्षक ऐप्स का सहारा लिया जाता है। यह मामला हम सभी के लिए एक बड़ा सबक है।