ईरान संकट की दस्तक: PMO का डीजल में इथेनॉल पर 'मास्टर प्लान', क्या बदलेगी भारत की ईंधन तस्वीर?
ईरान में चल रहे तनाव के कारण वैश्विक तेल आपूर्ति डगमगा गई है। ऐसे में भारत अपनी आयातित ईंधन पर निर्भरता कम करने के लिए डीजल में इथेनॉल के मिश्रण पर विचार कर रहा है। कुछ सफल पायलट रन होने के बाद प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) इस पर गौर कर रहा है। जल्द ही एक विस्तृत रिपोर्ट आएगी, जिससे पता चलेगा कि यह योजना देश के लिए कितनी कारगर साबित हो सकती है।
कर्नाटक ने मिश्रण को व्यवहार्य पाया, सीमित लाभ
कर्नाटक के परिवहन विभाग ने इस मिश्रण (डीजल में थोड़ा इथेनॉल और कुछ खास योजक मिलाकर) का परीक्षण किया। उन्होंने पाया कि तकनीकी तौर पर यह संभव है। हालांकि, यह समाधान भारत में अतिरिक्त इथेनॉल की आपूर्ति की समस्या को पूरी तरह से नहीं सुलझा पाएगा। इस योजना को पूरे देश में लागू करना सरकार के नीतिगत फैसलों और लागत के आकलन पर निर्भर करेगा। यदि यह राष्ट्रीय स्तर पर आगे नहीं बढ़ती है, तो कर्नाटक जैसे राज्य अपने स्तर पर इस पर काम कर सकते हैं।