भारत में 'सतलुज' हुई बैन, विदेश में जरी, IT Act 69A ने OTT पर खींची नई लक्ष्मण रेखा?
एक्टिविस्ट जसवंत सिंह खालरा पर आधारित फिल्म 'सतलुज' 3 जुलाई को ZEE5 इंडिया पर रिलीज हुई थी, लेकिन रिलीज के ठीक 2 दिन बाद इसे 'सुरक्षा चिंताओं' का हवाला देकर प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया।
दिलचस्प बात यह है कि इस फिल्म को भारत के बाहर आज भी देखा जा सकता है।
भारत में इसके अचानक हटाए जाने से एक नई बहस छिड़ गई है कि आखिर सिनेमाघरों और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर फिल्मों को रिलीज करने के नियम अलग-अलग क्यों होते हैं।
IT एक्ट 69A के तहत 'सतलुज' हुई बैन
यह फिल्म सिनेमाघरों में रिलीज हो पाती, इससे पहले ही सेंसर बोर्ड ने इसमें 127 कट लगाने की शर्त रखी थी।
इसीलिए फिल्म निर्माताओं ने इसे सिनेमाघरों के बजाय सीधे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर बिना किसी कट के जारी करने का फैसला किया।
अब सरकार ने IT एक्ट की धारा 69A का इस्तेमाल करते हुए इस फिल्म को भारत में बैन कर दिया है।
इसकी समीक्षा के लिए एक खास कमेटी भी बनाई गई है। फिल्म की कहानी 1980 और 90 के दशक में पंजाब में फैले उग्रवाद के दौरान हुई गैर-कानूनी अंत्येष्टि की जांच पड़ताल पर केंद्रित है।