पलाश मुच्छल को बॉम्बे हाई कोर्ट से राहत या सिर्फ अफवाह? विज्ञान माने ने किया पलटवार
क्या है खबर?
म्यूजिक डायरेक्टर पलाश मुच्छल और विज्ञान माने के बीच चल रहा कानूनी विवाद अब एक पेचीदा मोड़ पर आ गया है। जहां एक तरफ पलाश के वकील बॉम्बे हाई कोर्ट से अंतरिम राहत मिलने का दावा कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ विज्ञान माने ने इन दावों को पूरी तरह खारिज किया है। विज्ञान ने स्पष्ट किया कि पलाश द्वारा भेजा गया मानहानि नोटिस निजी है, ना कि कोई अदालती आदेश और उनके वकील ने इसका जवाब दे दिया है।
आदेश
पलाश के खिलाफ विवादित बयान देने से विज्ञान पर लगी रोक
दरअसल, विज्ञान माने ने दावा किया था कि पलाश द्वारा धोखा दिए जाने के कारण क्रिकेटर स्मृति मंधाना के साथ उनकी शादी टूटी थी। इन आरोपों पर कड़ा रुख अपनाते हुए हाई कोर्ट ने अब विज्ञान को पलाश के खिलाफ किसी भी तरह की मानहानिकारक टिप्पणी या पोस्ट करने से रोक दिया है। कोर्ट ने माना कि इस विवाद के दौरान पलाश की छवि को नुकसान पहुंचाने वाले बयान दिए गए, जिसके बाद यह अंतरिम आदेश जारी किया गया है।
दो टूक
हाई कोर्ट ने कहा- प्रतिष्ठा से समझौता नहीं
कोर्ट ने इस मामले में व्यक्ति के सम्मान और गरिमा को सर्वोपरि माना है। अदालत ने साफ तौर पर कहा कि इस तरह की टिप्पणियां किसी भी व्यक्ति की प्रतिष्ठा और गरिमा को गंभीर नुकसान पहुंचा सकती हैं। बेंच ने जोर दिया कि पलाश मुच्छल की छवि को और ज्यादा ठेस पहुंचने से रोकना जरूरी है। कोर्ट ने विज्ञान को आदेश दिया है कि वो अगली सुनवाई तक पलाश के खिलाफ किसी भी तरह की टिप्पणी करने से तुरंत रुकें।
प्रतिक्रिया
पलाश के वकील ने कोर्ट के फैसले को बताया बड़ी राहत
पलाश मुच्छल के वकील, श्रेयांश मिठारे ने इस अदालती फैसले पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए इसे एक बड़ी जीत बताया है। उन्होंने कहा कि अदालत के इस फैसले से पलाश के खिलाफ फैलाई जा रही गलत और भ्रामक टिप्पणियों पर तुरंत रोक लग गई है। वकील के मुताबिक, इस विवाद के बीच कोर्ट का यह दखल निष्पक्षता बनाए रखने और पलाश की प्रतिष्ठा को फिर से बहाल करने में मदद करेगा।
विवाद
कोर्ट आदेश पर विवाद, विज्ञान बोले- कोई नोटिस नहीं मिला
उधर विज्ञान माने का कहना है कि उन्हें इस बारे में कोर्ट से या किसी अन्य सरकारी विभाग से कोई आधिकारिक आदेश नहीं मिला है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बॉम्बे हाई कोर्ट द्वारा राहत मिलने की खबरें पूरी तरह भ्रामक हैं और उन्हें अभी तक अदालत या पुलिस से ऐसा कोई पत्र नहीं मिला है। विज्ञान ने उल्टा आराेप लगाया कि पलाश पुलिस जांच से बच रहे हैं और कई बार बुलाने के बावजूद पूछताछ के लिए पेश नहीं हुए।
आरोप
विज्ञान ने पलाश पर लगाए गंभीर आरोप
विज्ञान ने सोशल मीडिया पर दावा किया कि पलाश ने स्मृति मंधाना के साथ विश्वासघात किया है और वह उनके प्रति वफादार नहीं थे। विज्ञान ने पलाश पर 40 लाख रुपये की धोखाधड़ी का भी आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पलाश ने ये रकम ली थी, जिसे वो लौटा नहीं रहे हैं। दूसरी ओर पलाश ने इन सभी आरोपों को सरासर झूठा बताया है। इसके चलते उन्होंने विज्ञान माने को 10 करोड़ रुपये का मानहानि नोटिस भेजा है।