'जन नायकन' लीक मामले में बड़ा खुलासा, 1 करोड़ से ज्यादा लोगों ने देख डाली फिल्म
क्या है खबर?
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और दिग्गज अभिनेता थलापति विजय की बहुप्रतीक्षित आखिरी फिल्म 'जन नायकन' के लीक मामले में एक बड़ा खुलासा हुआ है। चेन्नई पुलिस ने मद्रास हाईकोर्ट में एक रिपोर्ट पेश कर बताया है कि सिनेमाघरों में रिलीज होने से पहले ही इस फिल्म के लीक वर्जन को करीब 1.2 करोड़ लोगों द्वारा गैरकानूनी तरीके से देखा जा चुका है। फिल्म पाइरेसी वेबसाइट्स और गूगल ड्राइव पर लीक हो गई थी, जिसके बाद पुलिस ने सख्त कार्रवाई शुरू की।
रिपोर्ट
9 अप्रैल से अब तक 1.2 करोड़ लोगों ने देखा लीक वर्जन
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और सुपरस्टार थलापति विजय की आखिरी फिल्म 'जन नायकन' का फैंस बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। एच विनोथ के निर्देशन में बनी ये फिल्म रिलीज से पहले ही एडिटिंग के दौरान लीक हो गई थी, जिसके बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू की। नया अपडेट है कि चेन्नई पुलिस ने मद्रास हाई कोर्ट को बताया है कि 9 अप्रैल से अब तक करीब 1.2 करोड़ लोग इस लीक फिल्म को गैरकानूनी तरीके से देख चुके हैं।
याचिका
फिल्म लीक करने वाले 2 आरोपियों को जमानत देने से कोर्ट का इनकार
द हिंदू की रिपोर्ट के मुताबिक, मद्रास हाई कोर्ट में इस मामले की सुनवाई के दौरान चेन्नई पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट पेश की है। जांच में सबूतों से छेड़छाड़ के गंभीर आरोप सामने आने पर जज सी कुमारप्पन ने चौथे आरोपी एस रजनी और 11वें आरोपी जयप्रकाश को जमानत देने से इनकार कर दिया। अदालत ने कहा कि जांच जारी है, इसलिए दोनों की जमानत याचिकाएं खारिज की जाती हैं।
चोरी
भाइयों ने मिलकर बनाई पूरी फिल्म और गूगल ड्राइव पर कर दी अपलोड
अभियोजन पक्ष ने अदालत में दलील देते हुए बताया कि मुख्य आरोपी ने कथित तौर पर एक हार्ड ड्राइव का इस्तेमाल करके एडिटिंग सूट से फिल्म के फुटेज चुराए थे। जांचकर्ताओं के अनुसार, मुख्य आरोपी और उसके 2 भाइयों ने मिलकर उन अलग-अलग और बिखरे हुए क्लिपों को जोड़कर एक पूरी फिल्म तैयार की और फिर उसे गूगल ड्राइव पर अपलोड कर दिया। इसके बाद फिल्म की उस पाइरेटेड कॉपी को अलग-अलग पाइरेसी वेबसाइटों पर फैला दिया गया।
आदेश
हाई कोर्ट के आदेश के बाद इंटरनेट से हटाई गई फिल्म
तमिलनाडु सरकार ने अदालत को बताया कि फिल्म की निर्माता कंपनी 'KV प्रोडक्शंस' ने मद्रास हाई कोर्ट से एक अंतरिम निषेधाज्ञा हासिल कर ली थी, जिसके तहत इंटरनेट सेवा प्रदाताओं को फिल्म के इस अनधिकृत और अवैध प्रदर्शन को ब्लॉक करने का निर्देश दिया गया था। अब, फिल्म इंटरनेट से पूरी तरह हटा दी गई है। मामले में अब तक शुरुआती चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है और फाइनल चार्जशीट पेश किए जाने से पहले आगे की जांच जारी है।