बॉम्बे हाई कोर्ट ने मुंबई पुलिस की जांच पर उठाए सवाल, लगाई जमकर फटकार
बॉम्बे हाई कोर्ट ने दिशा सालियान की 2020 में हुई मौत के मामले में मुंबई पुलिस की जांच को 'बेकार' बताया है। साथ ही, कोर्ट ने यह भी पूछा कि क्या यह जांच कानूनी रूप से सही भी थी।
दिशा, जो कि अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की पूर्व मैनेजर थीं, मालाड में एक बिल्डिंग से गिरकर मरी थीं।
पुलिस ने शुरुआत में इसे आत्महत्या बताया था। हालांकि, बाद में उनके पिता ने कहा कि इस मामले में कुछ और बातें भी हैं और उन्होंने गैंगरेप व हत्या का आरोप लगाया था।
कोर्ट ने मामला फिर से खोलने और सबूतों की कमी पर जताई आपत्ति
कोर्ट ने पुलिस के इस कदम पर भी सवाल उठाए कि उन्होंने मामला बंद करने के लगभग 3 साल बाद इसे दोबारा क्यों खोला।
उन्होंने पूछा कि क्या पुलिस के पास ऐसा करने का कोई ठोस कानूनी आधार था। इस मामले में कुछ अहम सबूत भी गायब थे। जैसे, उस जगह का सीधा CCTV फुटेज नहीं मिला जहां से दिशा कथित तौर पर गिरी थीं।
गवाहों के बयान भी एक-दूसरे से मेल नहीं खाते थे, खासकर इस बात पर कि क्या दरवाजा अंदर से बंद था। इसके अलावा, राज्य के नियमों के अनुसार दिशा का पोस्ट-मॉर्टम 2 डॉक्टरों को करना चाहिए था, लेकिन इसे सिर्फ एक डॉक्टर ने किया था।
कोर्ट ने संकेत दिया कि शायद एक सही आपराधिक जांच ही आखिरकार उनके परिवार को कुछ जवाब दे सकती है।