अनन्या पांडे-कृति सैनन को कोर्ट से बड़ी राहत, बिना इजाजत नाम-फोटो इस्तेमाल की तो खैर नहीं
क्या है खबर?
अनन्या पांडे और कृति सैनन ने अपने व्यक्तित्व अधिकारों की सुरक्षा के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। बॉम्बे हाई कोर्ट ने अनन्या तो दिल्ली हाई कोर्ट ने कृति के हक में फैसला सुनाते हुए बिना इजाजत नाम, फोटो, आवाज और AI-जनरेटेड डीपफेक कंटेंट के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। अदालतों ने निजता और सम्मान के उल्लंघन को गंभीरता से लेते हुए इंटरनेट से ऐसे सभी फर्जी और आपत्तिजनक कंटेंट को तुरंत हटाने का सख्त आदेश दिया है।
राहत
अनन्या और कृति की बड़ी कानूनी जीत
बॉलीवुड में सितारों के 'पर्सनैलिटी राइट्स' की सुरक्षा की होड़ मची है।
अनिल कपूर, जैकी श्रॉफ, सलमान खान, ऐश्वर्या राय और अरिजीत सिंह के बाद अनन्या और कृति भी कोर्ट की शरण में पहुंची थीं।
उन्होंने बिना सहमति के AI-जनरेटेड कंटेंट, फोटो और आवाज के व्यावसायिक इस्तेमाल पर रोक लगाने की मांग की थी, जिस पर कोर्ट ने दोनों अभिनेत्रियों को राहत देते हुए बिना इजाजत उनकी फोटो-वीडियो का इस्तेमाल करने वाले कंटेंट को तुरंत हटाने का आदेश दिया है।
फैसला
अनन्या के 'पर्सनैलिटी राइट्स' की सुरक्षा में उतरा बॉम्बे हाई कोर्ट
बॉम्बे हाई कोर्ट ने अनन्या के 'पर्सनैलिटी राइट्स' की सुरक्षा में बड़ा अंतरिम आदेश दिया है।
अभिनेत्री ने शिकायत की थी कि कई ब्रांड्स बिना सहमति के उनकी तस्वीरें, AI-जनित तस्वीरें और फर्जी वीडियो का इस्तेमाल कर रहे हैं।
जज ने माना कि ये सामग्री अनन्या की निजता, पब्लिसिटी और सम्मानपूर्वक जीने के अधिकार का उल्लंघन करती है। कोर्ट ने इंटरनेट से ऐसे सभी आपत्तिजनक और फर्जी कंटेंट को तुरंत हटाने का सख्त निर्देश जारी किया है।
बयान
"लोग भूल जाते हैं कि हम भी इंसान हैं"
निजता और व्यक्तित्व के अधिकारों पर मुखर रहने वाली अनन्या पांडे ने अपने एक पुराने इंटरव्यू में निजता के अधिकार पर जोर दिया था।
अनन्या ने कहा था, "मुझे लगता है कि इंसानियत सबसे ज्यादा जरूरी है। लोग अक्सर ये भूल जाते हैं कि जिन्हें वे कवर कर रहे हैं, वो भी आखिर इंसान ही हैं। अगर आप दिमाग में इतनी सी बात रखें कि बुनियादी स्तर की शालीनता और इंसानियत बनाए रखनी है तो ये बहुत जरूरी कदम है।"
आदेश
कृति सैनन की याचिका पर दिल्ली हाई कोर्ट का फैसला
उधर दिल्ली हाई कोर्ट ने कृति सैनन की आपत्तिजनक AI से बनी फर्जी तस्वीरों, वीडियो और नकली सोशल मीडिया अकाउंट्स के खिलाफ कार्रवाई का आदेश दिया है।
हालांकि, कोर्ट ने कृति की पहचान से जुड़ी हर तरह की सामग्री पर रोक नहीं लगाई है।
कोर्ट ने सिर्फ उन खास लिंक और पोस्ट को हटाने का आदेश दिया है, जिनकी शिकायत की गई थी। साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को उन अकाउंट्स से जुड़ी जानकारी भी देने को कहा है।