अनुराग कश्यप का सिनेमाघर मालिकों से सवाल- अपनी फिल्मों को ही जगह नहीं देंगे तो कैसे बचेगा देसी सिनेमा?
अनुराग कश्यप बॉक्स ऑफिस पर फिल्मों की बढ़ती भीड़ से खासे परेशान हैं। उनका कहना है कि इस वजह से छोटे बजट की भारतीय फिल्मों को अपनी जगह बनाना मुश्किल हो रहा है। पिछले और इस हफ्ते को मिलाकर कुल 14 फिल्में पर्दे पर एक साथ रिलीज हुई हैं। इनमें 'मैं वापस आऊंगा' और 'भारत भाग्य विधाता' जैसी फिल्में भी हैं। इसी भीड़ के चलते, अनुराग की फिल्म 'बंदर' जैसी उन फिल्मों को, जिनकी समीक्षकों ने भी तारीफ की है, सिनेमाघरों में सही जगह नहीं मिल पा रही है।
स्क्रीनिंग में भेदभाव, कश्यप बोले हॉलीवुड की 'ऑब्सेशन' को ज्यादा शो
अनुराग ने इस भेदभाव पर भी बात की। उन्होंने बताया कि हॉलीवुड की फिल्म 'ऑब्सेशन' को तो दिन में 6-7 शो मिल रहे हैं, जबकि भारतीय फिल्मों को 1 या 2 शो से ज्यादा नहीं मिल पाते। अपनी बात रखते हुए उन्होंने कहा, "अगर हम अपनी ही फिल्मों को दिखाने में प्राथमिकता नहीं देंगे और उन्हें बेहतर शो नहीं देंग तो मुझे समझ नहीं आता कि हम आगे कैसे बढ़ पाएंगे।"
अनुराग के इन बयानों से साफ होता है कि अलग तरह की कहानियों और देश के नए कलाकारों और निर्देशकों के लिए दर्शकों तक पहुंचना कितना मुश्किल होता जा रहा है।