भारत में सोने की मांग 6 साल के निचले स्तर पर पहुंचने का अनुमान
वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल के अनुसार, भारत में सोने की मांग 2026 में 6 साल के सबसे निचले स्तर पर पहुंच सकती है, जो करीब 650 मीट्रिक टन रहने का अनुमान है।
सोने के दाम बढ़ने और जीवन-यापन की लागत बढ़ने से लोग अब गहने खरीदने या सोने में पैसा लगाने से पहले 2 बार सोच रहे हैं। पिछले साल के मुकाबले मांग में पहले ही 29 प्रतिशत की कमी आई है। 2026 की सितंबर तिमाही में तो केवल 162.5 मीट्रिक टन सोना ही बिक पाया।
ग्रामीण इलाकों में पड़ा असर
ग्रामीण इलाकों में, जहां सोना बचत और निवेश का एक अहम जरिया माना जाता है, वहां भी बढ़ती कीमतों और रोजमर्रा के खर्चों का असर साफ दिख रहा है।
इस साल कमजोर मानसून ने किसानों की आमदनी पर भी बुरा असर डाला है, जिससे उनकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं।
आर्थिक दबाव लगातार बना हुआ है। इसके अलावा, ऊंची इंपोर्ट ड्यूटी और अवैध सोने की आवक बढ़ने से आयात भी धीमा पड़ गया है। इन सब वजहों से दिवाली जैसे त्योहारों पर भी सोने की बिक्री में कोई खास उछाल आने की उम्मीद कम ही है।