शादी के बाद तुरंत EPF नॉमिनेशन अपडेट करना क्यों होता है सही?
क्या है खबर?
अगर शादी के बाद आपने अभी तक अपने कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) खाते में नॉमिनेशन अपडेट नहीं किया है, तो आपको भविष्य में समस्या हो सकती है। नए EPF नियमों के अनुसार, शादी से पहले किया गया नॉमिनेशन शादी के बाद स्वतः अमान्य हो जाता है। ऐसे में कर्मचारी को नया नॉमिनेशन करना जरूरी है, ताकि भविष्य में लाभ सही व्यक्ति तक बिना किसी विवाद के पहुंच सके और दावा प्रक्रिया में किसी तरह की रुकावट न आए।
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कौन बन सकता है नया नॉमिनी?
नियमों के अनुसार, कर्मचारी अपने परिवार के योग्य सदस्यों को शादी के बाद नॉमिनी बना सकता है।
इसमें जीवनसाथी, बच्चे, आश्रित माता-पिता और नियमों के तहत पात्र अन्य सदस्य शामिल हैं। एक से अधिक लोगों को भी कर्मचारी नॉमिनी बना सकता है और सभी के बीच अपनी EPF राशि का हिस्सा तय कर सकता है।
इससे भविष्य में लाभ के बंटवारे को लेकर किसी तरह की परेशानी नहीं होती और परिवार को आर्थिक सुरक्षा भी मिलती है।
#2
नॉमिनेशन अपडेट करना क्यों है जरूरी?
सही और नया नॉमिनेशन होने से कर्मचारी की मृत्यु के बाद EPF का पैसा बिना देरी सही लोगों तक पहुंच जाता है।
अगर पुराना नॉमिनेशन बना रहे या कोई नॉमिनी दर्ज न हो, तो दावा निपटाने में अधिक समय लग सकता है।
साथ ही अतिरिक्त दस्तावेज देने पड़ सकते हैं और परिवार के सदस्यों के बीच कानूनी विवाद की संभावना भी बढ़ सकती है, जिससे लाभ मिलने में और देरी हो सकती है।
#3
ऑनलाइन आसानी से कर सकते हैं अपडेट
EPFO ने ई-नॉमिनेशन की सुविधा पूरी तरह ऑनलाइन उपलब्ध कराई है।
कर्मचारी अपने UAN और पासवर्ड से पोर्टल पर लॉग इन करके परिवार की जानकारी भर सकते हैं, नए नॉमिनी जोड़ सकते हैं और सभी का हिस्सा तय कर सकते हैं।
इसके बाद आधार से जुड़े OTP के जरिए प्रक्रिया पूरी हो जाती है। शादी, तलाक या परिवार में नए सदस्य के आने पर नॉमिनेशन जरूर अपडेट करें और समय-समय पर उसकी समीक्षा भी करते रहें।