बीच में योगदान देना बंद करने पर क्या डूब जाएगा NPS में जमा पैसा?
क्या है खबर?
आप रिटायरमेंट के लिए निवेश की योजना बना रहे हैं और अच्छे रिटर्न के साथ इनकम टैक्स की बचत चाहते हैं तो नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) आपके लिए सही विकल्प हो सकता है। इसमें हर महीने योगदान देना होता है, लेकिन कई बार लोग तंगी या प्राथमिकताएं बदलने के कारण इसे बीच में बंद करते हैं। ऐसे में सवाल खड़ा होता है कि इससे क्या NPS में जमा पैसा डूब जाएगा। आइये जानते हैं इसका क्या नुकसान हो सकता है।
असर
योगदान बंद करने पर नुकसान या फायदा?
अगर, आप NPS में निवेश करना बंद कर देते हैं तो इससे आपका खाता बंद नहीं होता। आपने जो भी पैसा पहले से निवेश किया है, वह जमा रहता है और बाजार के साथ बढ़ता रहता है। इस लिहाज से देखा जाए तो इससे आपको कुछ भी नुकसान नहीं होता, लेकिन योगदान बंद करने का असर खाते पर होता है। आप किसी वित्तीय वर्ष में न्यूनतम राशि का योगदान नहीं करते हैं तो आपका खाता निष्क्रिय हो जाता है।
परेशानी
दोबारा शुरू करना होता है मुश्किल
आपका खाता निष्क्रिय हो गया है तो उसे दोबारा एक्टिव कराए बिना दोबारा उपयोग में नहीं लाया जा सकता। खाते को फिर से एक्टिव करने के लिए आपको न्यूनतम राशि के साथ जुर्माना जमा कराना होता है। निवेश बंद करने से जमा पैसा तो बढ़ता रहता है, लेकिन उसमें ज्यादा वृद्धि नहीं होती। साथ ही लय टूट जाती है और फिर से शुरू करना मुश्किल हो जाता है। इसके अलावा आप टैक्स छूट से भी वंचित रह जाते हैं।