क्या RBI के रेपो रेट बढ़ाने से महंगाई पर लगेगी लगाम?
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने अपनी रेपो रेट में 0.25 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है, जिसके बाद अब यह 5.5 प्रतिशत हो गई है। 2023 की शुरुआत के बाद यह पहली बार है, जब रेपो रेट बढ़ाई गई है।
दरअसल, कच्चे तेल के महंगे होने और खेती की पैदावार कमजोर रहने की वजह से कीमतें लगातार बढ़ रही हैं।
RBI चाहता है कि अर्थव्यवस्था की मजबूत ग्रोथ बनी रहे और साथ ही महंगाई भी काबू में रहे। इसी मकसद से यह कदम उठाया गया।
अगस्त में महंगाई 4.82 प्रतिशत हुई
जून तिमाही में भारत की अर्थव्यवस्था ने शानदार 7.8 प्रतिशत की ग्रोथ दर्ज की। हालांकि, महंगाई धीरे-धीरे ऊपर जा रही है। 9 सितंबर को ब्रेंट क्रूड ऑयल करीब 113 डॉलर (करीब 10,500 रुपये) प्रति बैरल पर पहुंच गया, जिसकी वजह से अगस्त में खुदरा कीमतों में बढ़ोतरी हुई और यह 4.82 प्रतिशत हो गई।
इतना ही नहीं, अमेरिका में बढ़ती ब्याज दरों से भारत जैसे उभरते बाजारों के लिए चीजें और मुश्किल हो रही हैं क्योंकि इससे निवेश पर असर पड़ता है।
केंद्रीय बैंक का कहना है कि वह आगे भी ग्रोथ और कीमतों में स्थिरता के बीच तालमेल बनाए रखने के लिए वैश्विक रुझानों पर कड़ी नजर रख रहा है।