डॉलर की गिरती साख के बीच भारतीय रुपये ने दर्ज की 5 पैसे की बढ़त
भारतीय रुपया सोमवार को थोड़ा मजबूत होकर खुला। यह शुक्रवार के मुकाबले 5 पैसे की बढ़त के साथ 95.64 प्रति अमेरिकी डॉलर पर रहा।
इस बढ़त के पीछे मजबूत विदेशी निवेश प्रवाह एक बड़ी वजह है। हालांकि, कारोबारी अभी तेल के दाम पर नजर रखे हुए हैं, जो 94 डॉलर (करीब 8,900 रुपये) प्रति बैरल के आस-पास बने हुए हैं। बाजार को यह उम्मीद भी है कि भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) विनिमय दर को स्थिर रखने के लिए कोई कदम उठा सकता है।
दूसरी मुद्राओं ने भी दर्ज की बढ़त
फिनरेक्स के मुताबिक, निर्यातक 95.75 के आस-पास डॉलर बेच रहे हैं, जहां RBI रुपए को सहारा देता दिख रहा है। दूसरी तरफ, आयातकों को सलाह दी गई है कि वे दाम गिरने पर डॉलर खरीद लें क्योंकि तेल कंपनियों की ओर से इसकी मांग बढ़ रही है। पूरे एशिया में ज्यादातर मुद्राओं में डॉलर के मुकाबले तेजी देखने को मिली।
इंडोनेशियाई रुपया सबसे आगे रहा, वहीं दक्षिण कोरियाई वोन, ताइवानी डॉलर और थाईलैंड का बाट भी मजबूत हुए। चीन की युआन, जापानी येन और मलेशिया रिंगिट में भी बढ़त दर्ज की गई, वहीं सिंगापुर का डॉलर अपरिवर्तित रहा, जबकि फिलीपींस का पेसो डॉलर के मुकाबले 0.092 फीसदी टूट गया।
वैश्विक स्तर पर अमेरिकी डॉलर कई महीनों के निचले स्तर के करीब बना हुआ है। बाजार को इस सप्ताह अमेरिका और जापान में होने वाले नीतिगत भाषणों और ईरान पर संभावित नए प्रतिबंधों का इंतजार है।