SPF ने डीपटेक स्टार्टअप्स की मदद के लिए पेश किया डीपवर्स प्लेटफॉर्म
स्टार्टअप पॉलिसी फोरम (SPF) ने हाल ही में डीपवर्स नाम का एक नया प्लेटफॉर्म शुरू किया है। इसका मुख्य उद्देश्य भारत के डीपटेक स्टार्टअप्स को उन बड़ी चुनौतियों से लड़ने में मदद करना है, जिनका वे सामना करते हैं।
इस प्लेटफॉर्म को 30 निवेशक, संस्थापक और एक्सेल और बेसेमर वेंचर पार्टनर्स जैसे वेंचर कैपिटल फर्में सपोर्ट कर रही हैं। इंटेल और मेटा जैसी टेक्नोलॉजी कंपनियां भी इससे जुड़ी हैं।
डीपवर्स का लक्ष्य सेमीकंडक्टर्स, स्पेसटेक और बायोटेक जैसे सेक्टर्स को आगे बढ़ाना है। SPF की अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) श्वेता राजपाल कोहली ने इस पहल के बारे में कहा, "भारत के पास वर्ल्ड-क्लास डीपटेक के लिए संस्थापक हैं और अब धीरे-धीरे पैसा भी आ रहा है, लेकिन हमारी नीतियों को इसके साथ तालमेल बिठाना होगा।"
उन्होंने आगे कहा, "जब किसी कंपनी को बनने में एक दशक लग जाता है तो संस्थापक और निवेशक ऐसे नियम चाहते हैं, जिनके आधार पर वे अपनी योजना बना सकें और उन नियमों को बनाने में उनकी बात भी सुनी जाए। डीपवर्स इसी आवाज को एक संस्थागत रूप देता है।"
डीपवर्स में होगा 18 सदस्यों का सलाहकार बोर्ड
डीपवर्स में 18 सदस्यों वाला एक सलाहकार बोर्ड भी होगा। इसमें एक्सेल इंडिया के प्रमुख, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के स्टार्टअप हब के अधिकारी, एयरबाउंड और एथर एनर्जी जैसी कंपनियों के संस्थापक शामिल होंगे।
इस बोर्ड का काम भारतीय डीपटेक स्टार्टअप्स के लिए नियम-कानून, पूंजी तक पहुंच, सही प्रतिभा और वैश्विक विस्तार से जुड़ी नीतियों और इकोसिस्टम में सुधार के लिए सिफारिशें करना है।
यह प्रोजेक्ट SPF की पिछली पहल #100देसीडीपटेक्स का ही विस्तार है, जिसे MeitY स्टार्टअप हब, स्टार्टअप इंडिया और IIT मद्रास के साथ मिलकर शुरू किया गया था।