एक्सोटेल ने की वॉयस AI की बिलिंग परिणाम आधारित मॉडल पर करने की पैरवी
एक्सोटेल के सह संस्थापक और मुख्य विकास अधिकारी सचिन भाटिया चाहते हैं कि वॉयस आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की बिलिंग के तरीके में एक बड़ा बदलाव आए।
उनका मानना है कि कंपनियों को हर मिनट के हिसाब से शुल्क लेने के बजाय वॉयस AI से मिलने वाले असल नतीजों के आधार पर भुगतान करना चाहिए।
अगर, ऐसा होता है तो इन टूल्स का इस्तेमाल करने वाले व्यवसाय के लिए बिलिंग ज्यादा अनुमानित और पारदर्शी बन जाएगी।
कंपनियां अपना रहीं परिणाम आधारित मॉडल
भाटिया का कहना है कि कुछ कंपनियां बाजार में पहले से ही परिणाम आधारित मॉडल को अपना रहीं हैं, जैसे सेल्स लीड के लिए कम लागत की पेशकश करना।
एक्सोटेल भी इस बदलाव को तेजी से आगे बढ़ा रही है। वे पहले छोटे और आसान कामों को ऑटोमैटिक करते हैं और फिर उनके प्रदर्शन पर बारीकी से नजर रखते हैं।
भाटिया कहते हैं कि वे केवल अंतिम नतीजों के लिए ही शुल्क लेना चाहते हैं, ताकि व्यवसाय को केवल उसी चीज के लिए पैसे देने पड़ें, जिससे उन्हें वाकई फायदा मिल रहा हो।