AI से जुड़े ऊंचे मूल्यांकनों में गिरावट आई तो भारत को होगा फायदा
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने हाल ही में दिल्ली में कौटिल्य इकोनॉमिक कॉन्क्लेव में कुछ अहम बातें बताईं। उन्होंने इशारा किया कि अगर, एडवांस्ड देशों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़े ऊंचे मूल्यांकन में थोड़ी गिरावट आती है तो भारत में अंतरराष्ट्रीय निवेश और ज्यादा बढ़ सकता है।
जोखिमों पर नियामकों को चेताया
मल्होत्रा ने बताया कि AI ने भले ही दुनियाभर के बाजारों को तेज रफ्तार दी है, लेकिन इसकी रफ्तार में कमी आने से भारत को फायदा हो सकता है। इससे उसके बाजार और ज्यादा आकर्षक बन सकते हैं।
हालांकि, उन्होंने यह चेतावनी भी दी कि जैसे-जैसे AI आगे बढ़ेगा, इससे नए खतरे भी पैदा होंगे, खासकर वित्तीय स्थिरता और साइबर सुरक्षा के मोर्चे पर।
उनकी सलाह है कि नियामकों को हर पल चौकस रहना चाहिए और यह पक्का करना चाहिए कि हमारी वित्तीय प्रणालियां नवाचार और किसी भी अचानक आने वाले झटके दोनों को आसानी से संभाल सकें।