छंटनी के बीच ओरेकल ने कई IIT और इंजीनियरिंग कॉलेजों के प्लेसमेंट ऑफर किए रद्द- रिपोर्ट
क्या है खबर?
टेक कंपनी ओरेकल द्वारा कई छात्रों के जॉब और इंटर्नशिप ऑफर वापस लेने के बाद देश के इंजीनियरिंग कॉलेजों में चिंता बढ़ गई है। द इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, IIT-दिल्ली, IIT-कानपुर, IIT-मद्रास, IIT-रुड़की, NIT-वारंगल और दूसरे बड़े संस्थानों के छात्र इससे प्रभावित हुए हैं। बताया जा रहा है कि 2026 बैच के फुल-टाइम और इंटर्नशिप ऑफर वापस लिए गए हैं। अनुमान है कि अलग-अलग संस्थानों में 50 से ज्यादा ऑफर रद्द किए गए हो सकते हैं।
वजह
कंपनी ने बताई रीस्ट्रक्चरिंग की वजह
रिपोर्ट के मुताबिक, ओरेकल ने पहले कई कॉलेजों में बड़ी संख्या में भर्ती की थी। कुछ संस्थानों में कंपनी ने 25 से 35 तक ऑफर दिए थे। बाद में कंपनी ने कुछ छात्रों के ऑफर वापस लेना शुरू कर दिया। एक प्रभावित छात्र ने सोशल मीडिया पर बताया कि कंपनी ने इंटरनल रीस्ट्रक्चरिंग और हेडकाउंट से जुड़ी चुनौतियों को इसकी वजह बताया है। इससे टेक सेक्टर में नौकरी की स्थिरता को लेकर छात्रों के बीच नई चिंता बढ़ गई है।
AI
AI और क्लाउड कारोबार पर बढ़ा फोकस
ओरेकल इन दिनों आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर पर निवेश बढ़ा रही है। कंपनी OpenAI के साथ बड़े क्लाउड समझौते पर काम कर रही है, जिसकी कीमत लगभग 28,800 अरब रुपये बताई जा रही है। इसी दिशा में कंपनी अपने संसाधनों को नए तरीके से बांट रही है। इससे दुनियाभर में 10 हजार से 30 हजार तक नौकरियों पर असर पड़ सकता है। अकेले भारत में करीब 12 हजार कर्मचारियों के प्रभावित होने की बात सामने आई है।
सवाल
कर्मचारियों ने अचानक कार्रवाई पर उठाए सवाल
ओरेकल के एक पूर्व कर्मचारी ने बताया कि छंटनी का तरीका अचानक था। उनके अनुसार, कर्मचारियों को सिर्फ ईमेल भेजकर जानकारी दी गई और कोई बातचीत नहीं हुई। उन्होंने कहा कि यह फैसला सीधे AI से नौकरी बदलने की वजह से नहीं, बल्कि कंपनी की बड़ी वित्तीय और रणनीतिक योजना का हिस्सा लग रहा है। विशेषज्ञ मानते हैं कि AI आधारित बिजनेस मॉडल की ओर बढ़ती कंपनियां भर्ती और कर्मचारियों की संख्या को नए तरीके से तय कर रही हैं।