होर्मुज जलडमरूमध्य में रुकावट से कच्चे तेल के दामों में उछाल
कच्चे तेल की कीमतें बुधवार को तेजी से बढ़कर 85 डॉलर (करीब 8,000 रुपये) प्रति बैरल पर पहुंच गईं। यह उछाल अमेरिका और ईरान के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य में हुए टकराव के बाद आया है, जो दुनियाभर में तेल आपूर्ति का एक बेहद अहम रास्ता है।
हालात को काबू में करने के लिए अमेरिका ने फिर से समुद्री नाकेबंदी शुरू कर दी है, जिससे तेल की आपूर्ति में संभावित कमी को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं।
इस बीच, ब्रेंट क्रूड 1.19 प्रतिशत बढ़कर 85.74 डॉलर (करीब 8,100 रुपये) हो गया, वहीं वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) 80.09 डॉलर (करीब 7,600 रुपये) तक पहुंच गया।
अमेरिका-ईरान के बीच फिर बढ़ा तनाव
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरानी ठिकानों पर और अधिक हवाई हमले का आदेश दिया। दूसरी तरफ, ईरान ने भी 2 संयुक्त अरब अमीरात (UAE) तेल टैंकरों पर मिसाइलें दागीं, जिसमें एक व्यक्ति की जान चली गई और कई लोग घायल हुए।
ट्रंप ने यह भी साफ कहा कि अमेरिकी नौसेना की मौजूदगी से फायदा उठाने वाले देशों को इसका खर्च भी उठाना चाहिए।
इस पूरी हलचल ने तेल बाजार को बेचैन कर दिया है। कीमतें अभी भले ही युद्ध के समय के उच्चतम स्तर से नीचे हों, लेकिन इस सप्ताह की बड़ी उछाल के बाद ये तेजी से ऊपर चढ़ रही हैं।